फिरोजाबादविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1989
रघुबर दयाल वर्मा (JD) ने 1989 के विधान सभा चुनाव में 35.2% वोट पाकर फिरोजाबाद सीट जीती और राम किशन (दादाजू) (BJP) को 1,404 वोटों से हराया।
1974 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1969 में सीट नंबर 351 कासगंज थी। उत्तराखंड के अलग राज्य बनने के बाद, 2002 के चुनाव के लिए सीटों के नंबर बदले गए। 2002 से सीट नंबर 351 सादाबाद है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
फिरोजाबाद का फ़ैसला सिर्फ़ 1.6% के बेहद मामूली अंतर से हुआ — विजेता और दूसरे नंबर पर रहे उम्मीदवार के बीच 1,404 से भी कम वोटों का फ़ासला था।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
25 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | रघुबर दयाल वर्मा राष्ट्रीय मोर्चा | राष्ट्रीय मोर्चा | 31,35235.2% |
| 2 | राम किशन (दादाजू) | 29,94833.6% | |
| 3 | गुलामनबी | 12,15313.6% | |
| 4 | सरदार अहमद | 9,31310.4% | |
| 5 | मोहन देव निर्दलीय | निर्दलीय | 1,3921.6% |
| 6 | मुर्तजा हुसैन निर्दलीय | निर्दलीय | 1,2891.4% |
| 7 | बाबू राम निर्दलीय | निर्दलीय | 1,1631.3% |
| 8 | राम वीर | 4190.5% | |
| 9 | भगवान सिंह बघेल निर्दलीय | निर्दलीय | 3080.3% |
| 10 | झब्बू लाल निर्दलीय | निर्दलीय | 2680.3% |
| 11 | राम खिलाड़ी निर्दलीय | निर्दलीय | 2450.3% |
| 12 | एम. सफी IML | IML | 2020.2% |
| 13 | विजय पाल निर्दलीय | निर्दलीय | 1680.2% |
| 14 | द्वारिका प्रसाद LKD(B) | LKD(B) | 1600.2% |
| 15 | शेह ज़ाद BRP | BRP | 1250.1% |
| 16 | चतुर्वेदी ए. के. | 1110.1% | |
| 17 | खालिख बेग निर्दलीय | निर्दलीय | 910.1% |
| 18 | राम सहाय निर्दलीय | निर्दलीय | 810.1% |
| 19 | ख़ुश नसीब निर्दलीय | निर्दलीय | 780.1% |
| 20 | इकबाल अहमद निर्दलीय | निर्दलीय | 630.1% |
| 21 | प्रदीप कुमार निर्दलीय | निर्दलीय | 550.1% |
| 22 | शाह नज़ाज़ खान निर्दलीय | निर्दलीय | 400.0% |
| 23 | अब्दुल रशीद निर्दलीय | निर्दलीय | 350.0% |
| 24 | विमल प्रसाद पंकज निर्दलीय | निर्दलीय | 180.0% |
| 25 | लोटन सिंह (पत्रकार) निर्दलीय | निर्दलीय | 110.0% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
नज़दीकी मुक़ाबला, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को 82% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 3.74 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2012 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2012 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
फिरोजाबाद से कौन जीता, 1974–1996
JD ने यह सीट JNP से छीन ली, जिसने इसे 1985 में जीता था; इस सीट के रिकॉर्ड में, जो 1974 से शुरू होता है, यह JD की पहली जीत थी। मतदान प्रतिशत 1985 के 46.1% से घटकर 43.7% रह गया। इसके बाद 1991 के चुनाव में यह सीट BJP ने जीती।
- 1974मोहम्मद अयूब (MUL), जीत का अंतर 7.8%
- 1977रघुबर दयाल वर्मा (JNP), जीत का अंतर 21.9%
- 1980गुलाम नबी (INC(I)), जीत का अंतर 16.9%
- 1985रघुबर दयाल वर्मा (JNP), जीत का अंतर 0.5%
- 1989रघुबर दयाल वर्मा (JD), जीत का अंतर 1.6%
- 1991राम किशन दादाजू (BJP), जीत का अंतर 11.4%
- 1993नसीरुद्दीन (SP), जीत का अंतर 0.9%
- 1996रघुबर दयाल वर्मा (SLAP), जीत का अंतर 1.7%