चायलविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1989
शैलेंद्र कुमार (INC) ने 1989 के विधान सभा चुनाव में 44.5% वोट पाकर चायल सीट जीती और सेठ भागीरथी (निर्दलीय) को 11,044 वोटों से हराया।
1974 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1969 में सीट नंबर 278 सोरांव थी। उत्तराखंड के अलग राज्य बनने के बाद, 2002 के चुनाव के लिए सीटों के नंबर बदले गए। 2002 से सीट नंबर 278 घाटमपुर है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
सुरक्षित अंतर से जीत — शैलेंद्र कुमार 16.2% से जीते।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
15 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | शैलेंद्र कुमार | 30,27444.5% | |
| 2 | सेठ भागीरथी निर्दलीय | निर्दलीय | 19,23028.2% |
| 3 | संत लाल | 9,11013.4% | |
| 4 | शिवदानी निर्दलीय | निर्दलीय | 4,2026.2% |
| 5 | बैजल कुमार JNP(JP) | JNP(JP) | 1,6812.5% |
| 6 | प्रेम सिंह पहाड़ी निर्दलीय | निर्दलीय | 6490.9% |
| 7 | राम मनोहर | 6110.9% | |
| 8 | दिनेश चन्द्र सोनकर निर्दलीय | निर्दलीय | 4550.7% |
| 9 | विन्देश्वरी प्रसाद निर्दलीय | निर्दलीय | 4190.6% |
| 10 | रविन्द्र कुमार शाही निर्दलीय | निर्दलीय | 3550.5% |
| 11 | चुनी देवी निर्दलीय | निर्दलीय | 3200.5% |
| 12 | बाबादीन निर्दलीय | निर्दलीय | 3010.4% |
| 13 | सत्य नारायण निर्दलीय | निर्दलीय | 2110.3% |
| 14 | अजीत कुमार निर्दलीय | निर्दलीय | 1770.3% |
| 15 | लखन लाल जाटव निर्दलीय | निर्दलीय | 1180.2% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
सुरक्षित अंतर, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को 86% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 3.33 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2012 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2012 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
चायल से कौन जीता, 1974–1996
INC ने 1985 में जीती यह सीट फिर से अपने पास रखी। उसे मिले वोटों का प्रतिशत 56.7% से घटकर 44.5% रह गया। मतदान प्रतिशत 1985 के 36.6% से बढ़कर 37.8% हो गया। इसके बाद 1991 के चुनाव में यह सीट JD ने जीती।
- 1974कन्यैया लाल सोनकर (INC), जीत का अंतर 10.8%
- 1977कन्हैया लाल सोनकर (JNP), जीत का अंतर 5.3%
- 1980विजय प्रकाश (INC(I)), जीत का अंतर 6.1%
- 1985शैलेंद्र कुमार (INC), जीत का अंतर 20.3%
- 1989शैलेंद्र कुमार (INC), जीत का अंतर 16.2%
- 1991दिनेश चन्द्र सोनकर (JD), जीत का अंतर 2.9%
- 1993शिव दाणी (BJP), जीत का अंतर 12.2%
- 1996विजय प्रकाश (INC), जीत का अंतर 4.9%