कोलअसलाविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1977
उदल (CPI) ने 1977 के विधान सभा चुनाव में 46.0% वोट पाकर कोलअसला सीट जीती और निहाला सिंह (JNP) को 9,878 वोटों से हराया।
1974 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1969 में सीट नंबर 245 मुग़लसराय थी। उत्तराखंड के अलग राज्य बनने के बाद, 2002 के चुनाव के लिए सीटों के नंबर बदले गए। 2002 से सीट नंबर 245 राबर्ट्सगंज है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
13.2% के अंतर से साफ़ जीत।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
8 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | उदल वाम दल | वाम दल | 34,51346.0% |
| 2 | निहाला सिंह जनता | जनता | 24,63532.8% |
| 3 | राज किशोर वाम दल | वाम दल | 9,67712.9% |
| 4 | वीरेन्द्र प्रताप सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 2,6333.5% |
| 5 | राधे श्याम निर्दलीय | निर्दलीय | 1,7492.3% |
| 6 | जगदीश निर्दलीय | निर्दलीय | 9781.3% |
| 7 | गौरी शंकर निर्दलीय | निर्दलीय | 5240.7% |
| 8 | छोटे लाल SSD | SSD | 3990.5% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
साफ़ जीत, दो से तीन दलों का मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
CPI, JNP और CPM को 92% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 2.96 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2012 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2012 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
कोलअसला से कौन जीता, 1974–1996
CPI ने 1974 में जीती यह सीट फिर से अपने पास रखी। उसे मिले वोटों का प्रतिशत 50.1% से घटकर 46.0% रह गया। मतदान प्रतिशत 1974 के 57.7% से घटकर 56.0% रह गया। इसके बाद 1980 के चुनाव में भी CPI ने यह सीट अपने पास रखी।