वाराणसी दक्षिणविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1974
चरण दास सेठ (BJS) ने 1974 के विधान सभा चुनाव में 32.4% वोट पाकर वाराणसी दक्षिण सीट जीती और गिरिजेश राय (CPI) को 6,395 वोटों से हराया।
1974 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1969 में सीट नंबर 242 धानापुर थी। उत्तराखंड के अलग राज्य बनने के बाद, 2002 के चुनाव के लिए सीटों के नंबर बदले गए। 2002 से सीट नंबर 242 गड़वारा है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
10.5% के अंतर से साफ़ जीत।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
9 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | चरण दास सेठ महागठबंधन | महागठबंधन | 19,82632.4% |
| 2 | गिरिजेश राय वाम दल | वाम दल | 13,43122.0% |
| 3 | बुध राम सिंह यादव महागठबंधन | महागठबंधन | 12,71620.8% |
| 4 | देव ब्रत मजूमदार | 12,07719.8% | |
| 5 | सतीश कुमार | 1,3742.3% | |
| 6 | धर्म शील महागठबंधन | महागठबंधन | 7121.2% |
| 7 | मधुसूदन RRP | RRP | 5550.9% |
| 8 | विरासत हुसैन निर्दलीय | निर्दलीय | 2410.4% |
| 9 | बलदेव प्रसाद सेठ निर्दलीय | निर्दलीय | 2170.3% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
साफ़ जीत, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को 75% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 4.23 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2012 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2012 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
वाराणसी दक्षिण से कौन जीता, 1974–1996
इसके बाद 1977 के चुनाव में यह सीट JNP ने जीती।
- 1974चरण दास सेठ (BJS), जीत का अंतर 10.5%
- 1977राज बली तिवारी (JNP), जीत का अंतर 38.0%
- 1980कैलाश टंडन (INC(I)), जीत का अंतर 11.3%
- 1985रजनी कान्त (INC), जीत का अंतर 29.4%
- 1989श्याम देव राय चौधरी (दादा) (BJP), जीत का अंतर 27.5%
- 1991श्याम देव राय चौधरी (दादा) (BJP), जीत का अंतर 49.8%
- 1993श्याम देव राय चौधरी (दादा) (BJP), जीत का अंतर 38.6%
- 1996श्याम देव राय चौधरी (दादा) (BJP), जीत का अंतर 38.9%