ऋष्यमुखविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1983
बादल चौधरी (CPM) ने 1983 के विधान सभा चुनाव में 53.9% वोट पाकर ऋष्यमुख सीट जीती और अमल मल्लिक (INC) को 1,501 वोटों से हराया।
1977 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1972 में सीट नंबर 38 अम्पीनगर थी। 2008 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 2013 से सीट नंबर 38 जोलाईबाड़ी है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
8.8% के अंतर से साफ़ जीत।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
3 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | बादल चौधरी वाम दल | वाम दल | 9,20453.9% |
| 2 | अमल मल्लिक कांग्रेस (इंदिरा) | कांग्रेस (इंदिरा) | 7,70345.1% |
| 3 | निरंजन चक्रवर्ती निर्दलीय | निर्दलीय | 1801.1% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
साफ़ जीत, असल में दो दलों का मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
CPM और INC को 99% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 2.03 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2013 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2013 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
ऋष्यमुख से कौन जीता, 1977–2008
CPM ने 1977 में जीती यह सीट फिर से अपने पास रखी। उसे मिले वोटों का प्रतिशत 56.0% से घटकर 53.9% रह गया। मतदान प्रतिशत 1977 के 81.6% से बढ़कर 89.3% हो गया। इसके बाद 1988 के चुनाव में भी CPM ने यह सीट अपने पास रखी।