बैतूलविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1993
अशोक साबले (INC) ने 1993 के विधान सभा चुनाव में 56.4% वोट पाकर बैतूल सीट जीती और भागवत पटेल (BJP) को 10,460 वोटों से हराया।
1977 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1972 में सीट नंबर 231 बासौदा थी। छत्तीसगढ़ के अलग राज्य बनने के बाद, 2003 के चुनाव के लिए सीटों के नंबर बदले गए। 2003 से कोई सीट नंबर 231 नहीं है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
सुरक्षित अंतर से जीत — अशोक साबले 16.8% से जीते।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
9 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | अशोक साबले | 35,05156.4% | |
| 2 | भागवत पटेल | 24,59139.6% | |
| 3 | सरजू प्रसाद देशमुख वाम दल | वाम दल | 7591.2% |
| 4 | ए.के. हरजारे वकील जनता दल | जनता दल | 4520.7% |
| 5 | इकबाल अहमद | 4140.7% | |
| 6 | दिनेश टण्डन समाजवादी पार्टी | समाजवादी पार्टी | 3110.5% |
| 7 | रघुवरदयाल वंशगोपाल निर्दलीय | निर्दलीय | 2510.4% |
| 8 | रघुनाथ पवार गोहते निर्दलीय | निर्दलीय | 1740.3% |
| 9 | देवराव चेपजी मालवी निर्दलीय | निर्दलीय | 1130.2% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
सुरक्षित अंतर, असल में दो दलों का मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
INC और BJP को 96% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 2.10 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
बैतूल से कौन जीता, 1977–1998
INC ने यह सीट BJP से छीन ली, जिसने इसे 1990 में जीता था; INC ने यहाँ पिछली बार 1985 में जीत दर्ज की थी। 1977 से अब तक यहाँ के किसी भी चुनाव में यह सबसे एकतरफ़ा नतीजा था। मतदान प्रतिशत 1990 के 46.6% से बढ़कर 54.1% हो गया। इसके बाद 1998 के चुनाव में भी INC ने यह सीट अपने पास रखी।