रायपुर टाउनविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1980
स्वरूपचंद जैन (INC(I)) ने 1980 के विधान सभा चुनाव में 63.1% वोट पाकर रायपुर टाउन सीट जीती और बालुभाई पटेल (BJP) को 13,166 वोटों से हराया।
1977 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1972 में सीट नंबर 126 भानुप्रतापपुर थी। छत्तीसगढ़ के अलग राज्य बनने के बाद, 2003 के चुनाव के लिए सीटों के नंबर बदले गए। 2003 से सीट नंबर 126 परासिया है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
सुरक्षित अंतर से जीत — स्वरूपचंद जैन 36.2% से जीते।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
11 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | स्वरूपचंद जैन | 22,92663.1% | |
| 2 | बालुभाई पटेल | 9,76026.9% | |
| 3 | शंकर दुबे JNP(SC) | JNP(SC) | 2,2766.3% |
| 4 | नन्द कुमार पाठक | 3871.1% | |
| 5 | अब्दुल गफ्फार JNP(JP) | JNP(JP) | 3210.9% |
| 6 | गिरिजाशंकर निर्दलीय | निर्दलीय | 2990.8% |
| 7 | एन. आर. गोस्वामी RRP | RRP | 1440.4% |
| 8 | नरेश अग्रवाल निर्दलीय | निर्दलीय | 980.3% |
| 9 | अफजाल अहमद रिज़वी वकील JNP(SR) | JNP(SR) | 650.2% |
| 10 | बालमुकुन्द शाह निर्दलीय | निर्दलीय | 450.1% |
| 11 | प्रताप राय निर्दलीय | निर्दलीय | 350.1% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
सुरक्षित अंतर, असल में दो दलों का मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
INC(I) और BJP को 90% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 2.11 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2008 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2008 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
रायपुर टाउन से कौन जीता, 1977–1998
INC(I) ने यह सीट JNP से छीन ली, जिसने इसे 1977 में जीता था। मतदान प्रतिशत 1977 के 53.6% से घटकर 39.4% रह गया। इसके बाद 1985 के चुनाव में यह सीट INC ने जीती।