उत्तरहल्लीविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1999
आर. अशोक (BJP) ने 1999 के विधान सभा चुनाव में 49.8% वोट पाकर उत्तरहल्ली सीट जीती और एस. रमेश (INC) को 23,905 वोटों से हराया।
2004 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 2008 से सीट नंबर 89 हगरीबोम्मनहल्ली है।
विजेता
5.2% के अंतर से साफ़ जीत।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
9 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | आर. अशोक NDA | NDA | 2,30,91449.8% |
| 2 | एस. रमेश | 2,07,00944.6% | |
| 3 | डी. मुनिराजु | 18,4714.0% | |
| 4 | बी. प्रसाद निर्दलीय | निर्दलीय | 1,8790.4% |
| 5 | आर. रमेश निर्दलीय | निर्दलीय | 1,8660.4% |
| 6 | एम. रामकृष्ण हेग्डे निर्दलीय | निर्दलीय | 1,2320.3% |
| 7 | टी. एम. पूनाचा CPI(ML)(L) | CPI(ML)(L) | 1,1270.2% |
| 8 | एच. एम. राजकुमार निर्दलीय | निर्दलीय | 6780.1% |
| 9 | एच. चंद्रकुमार निर्दलीय | निर्दलीय | 5930.1% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
साफ़ जीत, असल में दो दलों का मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
BJP और INC को 94% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 2.23 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2008 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2008 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
उत्तरहल्ली से कौन जीता, 1978–2004
BJP ने 1994 में जीती यह सीट फिर से अपने पास रखी। उसे मिले वोटों का प्रतिशत 43.0% से बढ़कर 49.8% हो गया। यह 1978 के बाद यहाँ का सबसे कड़ा मुक़ाबला था। मतदान प्रतिशत 1994 के 52.9% से घटकर 46.7% रह गया। इसके बाद 2004 के चुनाव में भी BJP ने यह सीट अपने पास रखी।