रोहतकविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1982
मंगल सैन (BJP) ने 1982 के विधान सभा चुनाव में 31.5% वोट पाकर रोहतक सीट जीती और सत राम दास (INC) को 380 वोटों से हराया।
1977 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1972 में सीट नंबर 30 सफीदों थी। 2005 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 2009 से सीट नंबर 30 खरखौदा है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
रोहतक का फ़ैसला सिर्फ़ 0.6% के बेहद मामूली अंतर से हुआ — विजेता और दूसरे नंबर पर रहे उम्मीदवार के बीच 380 से भी कम वोटों का फ़ासला था।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
24 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | मंगल सैन | 19,74931.5% | |
| 2 | सत राम दास कांग्रेस (इंदिरा) | कांग्रेस (इंदिरा) | 19,36930.9% |
| 3 | हरि मोहन निर्दलीय | निर्दलीय | 15,65425.0% |
| 4 | हवा सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 3,8596.2% |
| 5 | परमानन्द तुली जनता | जनता | 1,1921.9% |
| 6 | राज पाल पुत्र सुल्तान सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 1,0961.8% |
| 7 | दरियाव सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 2650.4% |
| 8 | धान सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 2530.4% |
| 9 | ओम प्रकाश पुत्र अमर सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 2370.4% |
| 10 | श्याम सुन्दर निर्दलीय | निर्दलीय | 1470.2% |
| 11 | रमेश चन्द्र निर्दलीय | निर्दलीय | 1160.2% |
| 12 | जनक राज निर्दलीय | निर्दलीय | 1120.2% |
| 13 | ईश्वर दास निर्दलीय | निर्दलीय | 820.1% |
| 14 | सतिन्द्र कुमार निर्दलीय | निर्दलीय | 740.1% |
| 15 | भगवान दास निर्दलीय | निर्दलीय | 650.1% |
| 16 | गुरदयाल सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 570.1% |
| 17 | राज पाल पुत्र दीवान सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 540.1% |
| 18 | विजय निर्दलीय | निर्दलीय | 500.1% |
| 19 | दिलबाग सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 460.1% |
| 20 | करम नारायण निर्दलीय | निर्दलीय | 400.1% |
| 21 | मुकंद लाल निर्दलीय | निर्दलीय | 400.1% |
| 22 | ओम प्रकाश पुत्र बारू राम निर्दलीय | निर्दलीय | 390.1% |
| 23 | विशंभर नाथ निर्दलीय | निर्दलीय | 370.1% |
| 24 | दविंदर कुमार निर्दलीय | निर्दलीय | 270.0% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
नज़दीकी मुक़ाबला, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को 87% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 3.82 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2009 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2009 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
रोहतक से कौन जीता, 1977–2005
BJP ने यह सीट JNP से छीन ली, जिसने इसे 1977 में जीता था। मतदान प्रतिशत 1977 के 65.4% से बढ़कर 71.1% हो गया। इसके बाद 1987 के चुनाव में भी BJP ने यह सीट अपने पास रखी।