बड़ौदा ग्रामीणविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1995
उपेन्द्रसिंह प्रतापसिंह गोहिल (निर्दलीय) ने 1995 के विधान सभा चुनाव में 31.3% वोट पाकर बड़ौदा ग्रामीण सीट जीती और गोहिल मंगलसिंह शंकरसिंह (INC) को 7,691 वोटों से हराया।
1975 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1972 में सीट नंबर 151 सूरत शहर पूर्व थी। 2007 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 2012 से सीट नंबर 151 वागरा है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
6.5% के अंतर से साफ़ जीत।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
21 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | उपेन्द्रसिंह प्रतापसिंह गोहिल निर्दलीय | निर्दलीय | 37,07931.3% |
| 2 | गोहिल मंगलसिंह शंकरसिंह | 29,38824.8% | |
| 3 | चुडासमा दिलुभाभाई तेमुभाभाई | 28,67524.2% | |
| 4 | परमार मंगलभाई पूंजाभाई निर्दलीय | निर्दलीय | 8,0506.8% |
| 5 | चौहान चन्द्रसिंह जशवंतसिंह जनता दल | जनता दल | 4,6103.9% |
| 6 | पटेल भाईलालभाई हरीभाई निर्दलीय | निर्दलीय | 2,4092.0% |
| 7 | भट्ट हसमुखभाई कांतीलाल निर्दलीय | निर्दलीय | 1,6361.4% |
| 8 | घांची दाऊदभाई फ़कीरभाई निर्दलीय | निर्दलीय | 1,2771.1% |
| 9 | पटेल सुभाषभाई जसभाई निर्दलीय | निर्दलीय | 9350.8% |
| 10 | माछी रणछोड़भाई देवाभाई निर्दलीय | निर्दलीय | 8250.7% |
| 11 | पटेल नगीनभाई छोटाभाई वाम दल | वाम दल | 7240.6% |
| 12 | पटेल विनुभाई मंगलभाई निर्दलीय | निर्दलीय | 7170.6% |
| 13 | पटेल विनुभाई गोरधनभाई निर्दलीय | निर्दलीय | 6100.5% |
| 14 | यादव रामजीभाई पुनाभाई निर्दलीय | निर्दलीय | 2770.2% |
| 15 | रोहित केशवभाई कालाभाई निर्दलीय | निर्दलीय | 2410.2% |
| 16 | शाह वसंतलाल अंबालाल | 2260.2% | |
| 17 | राठोड मणिबेन मोतीभाई निर्दलीय | निर्दलीय | 1880.2% |
| 18 | मोरी परमार रणजीतसिंह नागजीभाई निर्दलीय | निर्दलीय | 1550.1% |
| 19 | भालेराव खंडुभाई गणपत निर्दलीय | निर्दलीय | 1390.1% |
| 20 | शशिकांतभाई जेसंगभाई पटेल निर्दलीय | निर्दलीय | 1110.1% |
| 21 | परमार प्रतापसिंह गोपालसिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 1100.1% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
साफ़ जीत, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को 80% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 4.44 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2012 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2012 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
बड़ौदा ग्रामीण से कौन जीता, 1975–2007
एक निर्दलीय उम्मीदवार ने यह सीट JD से छीन ली, जिसने इसे 1990 में जीता था। मतदान प्रतिशत 1990 के 46.2% से बढ़कर 62.0% हो गया। इसके बाद 1998 के चुनाव में यह सीट BJP ने जीती।
- 1975पटेल ठाकोरभाई मोहनभाई (NCO), जीत का अंतर 2.9%
- 1980चौहान महेन्द्रसिंह तखतसिंह (INC(I)), जीत का अंतर 26.8%
- 1985चौहान महेंद्रसिंह तखतसिंह (INC), जीत का अंतर 0.6%
- 1990गोहिल मंगाईसिंह शंकरभाई (JD), जीत का अंतर 21.6%
- 1995उपेन्द्रसिंह प्रतापसिंह गोहिल (IND), जीत का अंतर 6.5%
- 1998चुडासमा दिलुभा टेमुभा (BJP), जीत का अंतर 6.9%
- 2002दिलुभा चुडासमा (BJP), जीत का अंतर 27.4%
- 2007गोहिल उपेन्द्रसिंह प्रतापसिंह (BJP), जीत का अंतर 10.8%