जमुआविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1977
शुकर रविदास (JNP) ने 1977 के विधान सभा चुनाव में 71.8% वोट पाकर जमुआ सीट जीती और तनेश्वर आजाद (INC) को 16,303 वोटों से हराया।
1977 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1972 में सीट नंबर 273 जरीडीह थी। झारखंड के अलग राज्य बनने के बाद, 2005 के चुनाव के लिए सीटों के नंबर बदले गए। 2005 से कोई सीट नंबर 273 नहीं है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
सुरक्षित अंतर से जीत — शुकर रविदास 50.5% से जीते।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
5 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | शुकर रविदास जनता | जनता | 23,17871.8% |
| 2 | तनेश्वर आजाद | 6,87521.3% | |
| 3 | वादूलाल चौधरी निर्दलीय | निर्दलीय | 1,3854.3% |
| 4 | मुकेश चन्द्र मुकेश निर्दलीय | निर्दलीय | 4701.5% |
| 5 | सुखदेव राम पासवान निर्दलीय | निर्दलीय | 3741.2% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
सुरक्षित अंतर, असल में दो दलों का मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
JNP और INC को 93% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 1.78 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
जमुआ से कौन जीता, 1977–2000
इसके बाद 1980 के चुनाव में यह सीट INC(I) ने जीती।