काटीगड़ाविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1991
काली रंजन देब (BJP) ने 1991 के विधान सभा चुनाव में 45.9% वोट पाकर काटीगड़ा सीट जीती और संजीव सिकिदार (CPM) को 16,977 वोटों से हराया।
1978 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1972 में सीट नंबर 15 उधारबंद थी। 2021 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 2026 से सीट नंबर 15 दुधनई है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
सुरक्षित अंतर से जीत — काली रंजन देब 22.1% से जीते।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
18 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | काली रंजन देब | 35,23245.9% | |
| 2 | संजीव सिकिदार वाम दल | वाम दल | 18,25523.8% |
| 3 | निहार रंजन लस्कर | 8,03310.4% | |
| 4 | हुसैन अहमद मजूमदार निर्दलीय | निर्दलीय | 4,8636.3% |
| 5 | अहसानुल हक मजूमदार निर्दलीय | निर्दलीय | 2,1042.7% |
| 6 | अब्दुल कुद्दूस खान वाम दल | वाम दल | 1,6962.2% |
| 7 | अब्दुल हमीद मंजुमदार जनता दल | जनता दल | 1,4061.8% |
| 8 | अब्दुल लतीफ बरभुईया निर्दलीय | निर्दलीय | 1,3561.8% |
| 9 | सिराज उद्दीन मजुमदार | 1,3341.7% | |
| 10 | अब्दुल कैयुम चौधुरी ICS(SCS) | ICS(SCS) | 1,1641.5% |
| 11 | मजीबुर रहमान बरभुईया URC | URC | 4910.6% |
| 12 | सुधन कुर्मी निर्दलीय | निर्दलीय | 2630.3% |
| 13 | अब्दुल सबूर निर्दलीय | निर्दलीय | 2120.3% |
| 14 | हरि ब्रत राज कुमार निर्दलीय | निर्दलीय | 1060.1% |
| 15 | नेहारुन नेसा निर्दलीय | निर्दलीय | 1060.1% |
| 16 | हिरण्मय चक्रवर्ती निर्दलीय | निर्दलीय | 910.1% |
| 17 | अब्दुल मलिक चौधुरी निर्दलीय | निर्दलीय | 880.1% |
| 18 | उपेन्द्र चन्द्र दास निर्दलीय | निर्दलीय | 470.1% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
सुरक्षित अंतर, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को 80% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 3.52 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2026 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2026 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
काटीगड़ा से कौन जीता, 1978–2021
BJP ने यह सीट ICS से छीन ली, जिसने इसे 1985 में जीता था; इस सीट के रिकॉर्ड में, जो 1978 से शुरू होता है, यह BJP की पहली जीत थी। 1978 से अब तक यहाँ के किसी भी चुनाव में यह सबसे एकतरफ़ा नतीजा था। मतदान प्रतिशत 1985 के 74.5% से घटकर 73.8% रह गया। इसके बाद 1996 के चुनाव में भी BJP ने यह सीट अपने पास रखी।
- 1978अब्दुल कय्यूम चौधुरी (INC), जीत का अंतर 9.1%
- 1983नेपाल चन्द्र दास (INC), जीत का अंतर 6.8%
- 1985अब्दुल हमीद मजुमदार (ICS), जीत का अंतर 9.6%
- 1991काली रंजन देब (BJP), जीत का अंतर 22.1%
- 1996काली रंजन देब (BJP), जीत का अंतर 8.0%
- 2001काली रंजन देब (BJP), जीत का अंतर 8.3%
- 2006अताउर रहमान मज़रभुइया (AUDF), जीत का अंतर 15.2%
- 2011अताउर रहमान मज़रभुइया (AIUDF), जीत का अंतर 6.0%
- 2016अमर चन्द जैन (BJP), जीत का अंतर 6.5%
- 2021खलील उद्दीन मजुमदार (INC), जीत का अंतर 4.3%