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उत्तर प्रदेश · विधान सभा सीट नंबर 369SC आरक्षित

सासनीविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1996

हरि शंकर माहौर (BJP) ने 1996 के विधान सभा चुनाव में 39.6% वोट पाकर सासनी सीट जीती और पंजाबी लाल (BSP) को 5,153 वोटों से हराया।

1974 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1969 में सीट नंबर 369 गोकुल थी। उत्तराखंड के अलग राज्य बनने के बाद, 2002 के चुनाव के लिए सीटों के नंबर बदले गए। 2002 से सीट नंबर 369 शिकारपुर है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।

विजेता

हरि शंकर माहौर
BJP 39.6%BSP 34.7%4 अन्य 25.7%
मिले वोट
41,388
मतों का 39.6%
जीत का अंतर
5,153
कुल वोटों का 4.9%
उम्मीदवार
6
मतदान प्रतिशत
47.2%
2,21,067 मतदाताओं में से

नज़दीकी मुक़ाबला। हरि शंकर माहौर 4.9% के अंतर से जीते।

सीट का इतिहास

सभी उम्मीदवार

6 उम्मीदवार
#उम्मीदवारपार्टीमिले वोट · %
1
हरि शंकर माहौर
41,38839.6%
2
पंजाबी लाल
36,23534.7%
3
रमेश करण
संयुक्त मोर्चा
संयुक्त मोर्चा
25,57824.5%
4
नेत्र पाल सिंह
निर्दलीय
निर्दलीय
5780.6%
5
चन्द्र पाल सिंह
KVP
KVP
4290.4%
6
फकीर चन्द्र माहौर
BHJS
BHJS
2220.2%

परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।

नज़दीकी मुक़ाबला, दो से तीन दलों का मुक़ाबला।

सीट का इतिहास लोड हो रहा है…

यह सीट कितनी पक्की है?

इस सीट के आंकड़े
4.9%

जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में

कितने लोगों ने वोट डाला?

इस सीट के आंकड़े
47%

पंजीकृत मतदाताओं में से

कमज़्यादा

मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?

इस सीट के आंकड़े
दो या तीन दल

BJP, BSP और JD को 99% वोट मिले।

मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 2.96

सदन में किसके पास कितनी सीटें?

इस सीट के आंकड़े
424 सीटें · बहुमत का आँकड़ा 213

वोट किस तरह बँटे?

इस सीट के आंकड़े
39.6%BJP की जीत
BJP 39.6%BSP 34.7%JD 24.5%अन्य 1.2%

यह सीट नंबर 2012 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2012 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।

राज्य के आँकड़े पूछें

RBI 2024-25

ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।

सासनी से कौन जीता, 1974–1996

BJP ने यहाँ लगातार तीसरी बार जीत दर्ज की; जीत का यह सिलसिला 1991 में शुरू हुआ था। उसे मिले वोटों का प्रतिशत 45.4% से घटकर 39.6% रह गया। यह 1980 के बाद यहाँ का सबसे कड़ा मुक़ाबला था। मतदान प्रतिशत 1993 के 49.5% से घटकर 47.2% रह गया।

  1. 1974धर्मपाल सिंह (INC), जीत का अंतर 8.5%
  2. 1977बंगाली सिंह (JNP), जीत का अंतर 28.3%
  3. 1980डॉ. धर्म पाल (INC(I)), जीत का अंतर 1.5%
  4. 1985बंगाली सिंह (LKD), जीत का अंतर 24.0%
  5. 1989रमेश करण (JD), जीत का अंतर 24.6%
  6. 1991हरि शंकर मधरे (BJP), जीत का अंतर 23.1%
  7. 1993हरि शंकर माहौर (BJP), जीत का अंतर 22.1%
  8. 1996हरि शंकर माहौर (BJP), जीत का अंतर 4.9%