भरथनाविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1996
महाराज सिंह यादव (SP) ने 1996 के विधान सभा चुनाव में 41.8% वोट पाकर भरथना सीट जीती और अजय कुमार यादव गुड्डू (INC) को 2,566 वोटों से हराया।
1974 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1969 में सीट नंबर 306 औरैया थी। उत्तराखंड के अलग राज्य बनने के बाद, 2002 के चुनाव के लिए सीटों के नंबर बदले गए। 2002 से सीट नंबर 306 मौदहा है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
नज़दीकी मुक़ाबला। महाराज सिंह यादव 2.0% के अंतर से जीते।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
9 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | महाराज सिंह यादव संयुक्त मोर्चा | संयुक्त मोर्चा | 52,45041.8% |
| 2 | अजय कुमार यादव गुड्डू | 49,88439.7% | |
| 3 | गोरे लाल शाक्य | 21,61717.2% | |
| 4 | मलखान सिंह BHJS | BHJS | 6510.5% |
| 5 | जबर सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 4130.3% |
| 6 | जय राज सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 1710.1% |
| 7 | प्यारे लाल निर्दलीय | निर्दलीय | 1330.1% |
| 8 | सत्येन्द्र सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 1240.1% |
| 9 | ताले सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 690.1% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
नज़दीकी मुक़ाबला, दो से तीन दलों का मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
SP, INC और BJP को 99% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 2.76 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2012 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2012 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
भरथना से कौन जीता, 1974–1996
SP ने 1993 में जीती यह सीट फिर से अपने पास रखी। उसे मिले वोटों का प्रतिशत 42.7% से घटकर 41.8% रह गया। यह 1974 के बाद यहाँ का सबसे कड़ा मुक़ाबला था। मतदान प्रतिशत 1993 के 59.2% से घटकर 56.7% रह गया।
- 1974गोरे लाल शाक्य (NCO), जीत का अंतर 0.2%
- 1977महेन्द्र सिंह (JNP), जीत का अंतर 31.0%
- 1980गोरे लाल शाक्य (INC(I)), जीत का अंतर 7.5%
- 1985च. महाराज सिंह (LKD), जीत का अंतर 22.1%
- 1989महाराज सिंह यादव (JD), जीत का अंतर 16.1%
- 1991महाराज सिंह यादव (JP), जीत का अंतर 40.6%
- 1993महाराज सिंह यादव इटैली (SP), जीत का अंतर 5.8%
- 1996महाराज सिंह यादव (SP), जीत का अंतर 2.0%