भरथनाविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1989
महाराज सिंह यादव (JD) ने 1989 के विधान सभा चुनाव में 54.4% वोट पाकर भरथना सीट जीती और गोरे लाल शाक्य (INC) को 17,769 वोटों से हराया।
1974 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1969 में सीट नंबर 306 औरैया थी। उत्तराखंड के अलग राज्य बनने के बाद, 2002 के चुनाव के लिए सीटों के नंबर बदले गए। 2002 से सीट नंबर 306 मौदहा है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
सुरक्षित अंतर से जीत — महाराज सिंह यादव 16.1% से जीते।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
11 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | महाराज सिंह यादव राष्ट्रीय मोर्चा | राष्ट्रीय मोर्चा | 60,22154.4% |
| 2 | गोरे लाल शाक्य | 42,45238.3% | |
| 3 | उमेश JNP(JP) | JNP(JP) | 2,6252.4% |
| 4 | अमर सिंह पुत्र मुरलीधर निर्दलीय | निर्दलीय | 1,8771.7% |
| 5 | सोवरन लाल UPRP | UPRP | 1,0821.0% |
| 6 | ओम प्रकाश | 9300.8% | |
| 7 | संजीव कुमार निर्दलीय | निर्दलीय | 6290.6% |
| 8 | राम शंकर निर्दलीय | निर्दलीय | 3720.3% |
| 9 | वीरेन्द्र सिंह यादव निर्दलीय | निर्दलीय | 3520.3% |
| 10 | मनोज कुमार निर्दलीय | निर्दलीय | 1050.1% |
| 11 | अमर सिंह पुत्र लखन सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 980.1% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
सुरक्षित अंतर, असल में दो दलों का मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
JD और INC को 93% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 2.25 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2012 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2012 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
भरथना से कौन जीता, 1974–1996
JD ने यह सीट LKD से छीन ली, जिसने इसे 1985 में जीता था; इस सीट के रिकॉर्ड में, जो 1974 से शुरू होता है, यह JD की पहली जीत थी। मतदान प्रतिशत 1985 के 57.3% से बढ़कर 59.0% हो गया। इसके बाद 1991 के चुनाव में यह सीट JP ने जीती।
- 1974गोरे लाल शाक्य (NCO), जीत का अंतर 0.2%
- 1977महेन्द्र सिंह (JNP), जीत का अंतर 31.0%
- 1980गोरे लाल शाक्य (INC(I)), जीत का अंतर 7.5%
- 1985च. महाराज सिंह (LKD), जीत का अंतर 22.1%
- 1989महाराज सिंह यादव (JD), जीत का अंतर 16.1%
- 1991महाराज सिंह यादव (JP), जीत का अंतर 40.6%
- 1993महाराज सिंह यादव इटैली (SP), जीत का अंतर 5.8%
- 1996महाराज सिंह यादव (SP), जीत का अंतर 2.0%