छानबेविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1993
श्री राम (BSP) ने 1993 के विधान सभा चुनाव में 37.5% वोट पाकर छानबे सीट जीती और राजेश कुमार (BJP) को 11,477 वोटों से हराया।
1974 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1969 में सीट नंबर 266 राबर्ट्सगंज थी। उत्तराखंड के अलग राज्य बनने के बाद, 2002 के चुनाव के लिए सीटों के नंबर बदले गए। 2002 से सीट नंबर 266 किशुनपुर है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
10.5% के अंतर से साफ़ जीत।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
10 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | श्री राम SP-BSP alliance ('Mile Mulayam-Kanshi Ram'), Uttar Pradesh 1993 | SP-BSP alliance ('Mile Mulayam-Kanshi Ram'), Uttar Pradesh 1993 | 40,80237.5% |
| 2 | राजेश कुमार | 29,32526.9% | |
| 3 | दुलारे लाल जनता दल | जनता दल | 27,96725.7% |
| 4 | कैलू राम रत्नाकर | 5,5745.1% | |
| 5 | राम सजीवन निर्दलीय | निर्दलीय | 2,0381.9% |
| 6 | राम करण | 1,6441.5% | |
| 7 | चन्द्र बली निर्दलीय | निर्दलीय | 7140.7% |
| 8 | भूपेन्द्र JP | JP | 4020.4% |
| 9 | गोरुई उर्फ़ गोगई निर्दलीय | निर्दलीय | 3060.3% |
| 10 | मेवा लाल | 1810.2% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
साफ़ जीत, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को 90% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 3.55 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2012 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2012 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
छानबे से कौन जीता, 1974–1996
BSP ने यह सीट JD से छीन ली, जिसने इसे 1991 में जीता था; इस सीट के रिकॉर्ड में, जो 1974 से शुरू होता है, यह BSP की पहली जीत थी। यह 1977 के बाद यहाँ का सबसे कड़ा मुक़ाबला था। मतदान प्रतिशत 1991 के 39.9% से बढ़कर 47.2% हो गया। इसके बाद 1996 के चुनाव में यह सीट BJP ने जीती।
- 1974पुरुषोत्तम दास (INC), जीत का अंतर 13.6%
- 1977पुरुषोत्तम दास (INC), जीत का अंतर 1.8%
- 1980पुरूषोत्तम (INC(I)), जीत का अंतर 37.5%
- 1985भगवती प्रसाद (INC), जीत का अंतर 59.3%
- 1989काली चरण (JD), जीत का अंतर 11.9%
- 1991दुलारे लाल (JD), जीत का अंतर 19.9%
- 1993श्री राम (BSP), जीत का अंतर 10.5%
- 1996भाई लाल (BJP), जीत का अंतर 0.7%