सरोजनी नगरविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1993
श्याम किशोर यादव (SP) ने 1993 के विधान सभा चुनाव में 40.9% वोट पाकर सरोजनी नगर सीट जीती और बनवारी लाल कंचल (BJP) को 19,907 वोटों से हराया।
1974 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1969 में भी सीट नंबर 105 का नाम सरोजनी नगर था, तब सीमाएँ पुरानी थीं। उत्तराखंड के अलग राज्य बनने के बाद, 2002 के चुनाव के लिए सीटों के नंबर बदले गए। 2002 से सीट नंबर 105 अमेठी है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
सुरक्षित अंतर से जीत — श्याम किशोर यादव 15.7% से जीते।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
21 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | श्याम किशोर यादव SP-BSP alliance ('Mile Mulayam-Kanshi Ram'), Uttar Pradesh 1993 | SP-BSP alliance ('Mile Mulayam-Kanshi Ram'), Uttar Pradesh 1993 | 51,93640.9% |
| 2 | बनवारी लाल कंचल | 32,02925.2% | |
| 3 | राजा विजय कुमार त्रिपाठी | 23,90218.8% | |
| 4 | शारदा प्रताप शुक्ला जनता दल | जनता दल | 14,47911.4% |
| 5 | गोपाल उपाध्याय JP | JP | 7770.6% |
| 6 | विजय कुमार पाण्डेय निर्दलीय | निर्दलीय | 5940.5% |
| 7 | चन्द्र भाल सिंह | 4320.3% | |
| 8 | गंगा राम निर्दलीय | निर्दलीय | 3380.3% |
| 9 | विजय कुमार निर्दलीय | निर्दलीय | 3240.3% |
| 10 | राम पाल निर्दलीय | निर्दलीय | 3100.2% |
| 11 | संतू निर्दलीय | निर्दलीय | 3010.2% |
| 12 | जग नायक सिंह चौहान निर्दलीय | निर्दलीय | 2610.2% |
| 13 | मिश्री लाल निर्दलीय | निर्दलीय | 2160.2% |
| 14 | मुन्ना लाल | 2140.2% | |
| 15 | शुभ करण निर्दलीय | निर्दलीय | 1990.2% |
| 16 | चुनान निर्दलीय | निर्दलीय | 1510.1% |
| 17 | ओम प्रकाश शुक्ला | 1230.1% | |
| 18 | लक्ष्मण प्रसाद निर्दलीय | निर्दलीय | 970.1% |
| 19 | राधे लाल निर्दलीय | निर्दलीय | 880.1% |
| 20 | रमेश चन्द्र | 620.1% | |
| 21 | रवि कुमार निर्दलीय | निर्दलीय | 430.0% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
सुरक्षित अंतर, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को 85% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 3.57 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2012 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2012 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
सरोजनी नगर से कौन जीता, 1974–1996
SP ने यह सीट INC से छीन ली, जिसने इसे 1991 में जीता था; इस सीट के रिकॉर्ड में, जो 1974 से शुरू होता है, यह SP की पहली जीत थी। 1974 से अब तक यहाँ के किसी भी चुनाव में यह सबसे एकतरफ़ा नतीजा था। मतदान प्रतिशत 1991 के 42.7% से बढ़कर 60.7% हो गया। इसके बाद 1996 के चुनाव में भी SP ने यह सीट अपने पास रखी।
- 1974विजय कुमार (INC), जीत का अंतर 15.3%
- 1977छेदा सिंह चौहान (JNP), जीत का अंतर 5.0%
- 1980विजय कुमार (INC(I)), जीत का अंतर 3.7%
- 1985शारदा प्रताप (IND), जीत का अंतर 3.2%
- 1989शारदा प्रताप शुक्ला (JD), जीत का अंतर 1.5%
- 1991विजय कुमार त्रिपाठी (INC), जीत का अंतर 3.2%
- 1993श्याम किशोर यादव (SP), जीत का अंतर 15.7%
- 1996श्याम किशोर यादव (SP), जीत का अंतर 3.3%