शोहरतगढ़विधान सभा चुनाव का परिणाम, 1989
कमल सहनी (INC) ने 1989 के विधान सभा चुनाव में 32.5% वोट पाकर शोहरतगढ़ सीट जीती और शिवलाल मित्तल (BJP) को 851 वोटों से हराया।
1974 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1969 में सीट नंबर 172 बस्ती थी। उत्तराखंड के अलग राज्य बनने के बाद, 2002 के चुनाव के लिए सीटों के नंबर बदले गए। 2002 से सीट नंबर 172 पनियरा है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
शोहरतगढ़ का फ़ैसला सिर्फ़ 0.8% के बेहद मामूली अंतर से हुआ — विजेता और दूसरे नंबर पर रहे उम्मीदवार के बीच 851 से भी कम वोटों का फ़ासला था।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
13 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | कमल सहनी | 32,50932.5% | |
| 2 | शिवलाल मित्तल | 31,65831.7% | |
| 3 | अब्दुल जब्बार ICS(SCS) | ICS(SCS) | 14,96515.0% |
| 4 | मोहम्मद अजहर खान राष्ट्रीय मोर्चा | राष्ट्रीय मोर्चा | 6,7966.8% |
| 5 | मोती लाल विद्यार्थी | 6,7456.8% | |
| 6 | राम वृक्ष | 2,6252.6% | |
| 7 | राधेश्याम सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 1,4981.5% |
| 8 | काजी अबू ज़फ़र LKD(B) | LKD(B) | 8800.9% |
| 9 | देवी शंकर निर्दलीय | निर्दलीय | 7990.8% |
| 10 | हरिराम अग्रहती निर्दलीय | निर्दलीय | 5370.5% |
| 11 | जय करण निर्दलीय | निर्दलीय | 4340.4% |
| 12 | यशवंत सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 3440.3% |
| 13 | मोहम्मद इस्लाम निर्दलीय | निर्दलीय | 700.1% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
नज़दीकी मुक़ाबला, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को 79% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 4.18 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2012 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2012 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
शोहरतगढ़ से कौन जीता, 1974–1996
INC ने 1985 में जीती यह सीट फिर से अपने पास रखी। उसे मिले वोटों का प्रतिशत 43.2% से घटकर 32.5% रह गया। 1974 से अब तक यहाँ के किसी भी चुनाव में यह सबसे कड़ा मुक़ाबला था। मतदान प्रतिशत 1985 के 48.3% से बढ़कर 53.8% हो गया। इसके बाद 1991 के चुनाव में यह सीट BJP ने जीती।
- 1974प्रभु दयाल (INC), जीत का अंतर 1.1%
- 1977शिव लाल मित्तल (JNP), जीत का अंतर 17.1%
- 1980कमला साहनी (INC(I)), जीत का अंतर 30.4%
- 1985कमला सहनी (INC), जीत का अंतर 13.5%
- 1989कमल सहनी (INC), जीत का अंतर 0.8%
- 1991शिव लाल मित्तल (BJP), जीत का अंतर 11.8%
- 1993रविन्द्र प्रताप उर्फ़ पप्पू चौधरी (BJP), जीत का अंतर 8.9%
- 1996रविन्द्र प्रताप उर्फ़ पप्पू चौधरी (BJP), जीत का अंतर 10.5%