मल्लावांविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1985
राम आसरे (निर्दलीय) ने 1985 के विधान सभा चुनाव में 40.4% वोट पाकर मल्लावां सीट जीती और धर्मज्ञ मिश्र (निर्दलीय) को 11,335 वोटों से हराया।
1974 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1969 में भी सीट नंबर 91 का नाम मल्लावां था, तब सीमाएँ पुरानी थीं। उत्तराखंड के अलग राज्य बनने के बाद, 2002 के चुनाव के लिए सीटों के नंबर बदले गए। 2002 से सीट नंबर 91 बछरावां है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
13.1% के अंतर से साफ़ जीत।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
11 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | राम आसरे निर्दलीय | निर्दलीय | 35,02840.4% |
| 2 | धर्मज्ञ मिश्र निर्दलीय | निर्दलीय | 23,69327.3% |
| 3 | राम कुमार अशरफ टोला | 20,45923.6% | |
| 4 | विद्या राम Lok Dal | Lok Dal | 1,7172.0% |
| 5 | राज बहादुर निर्दलीय | निर्दलीय | 1,4111.6% |
| 6 | विश्व प्रकाश | 1,2901.5% | |
| 7 | राम शंकर निर्दलीय | निर्दलीय | 1,0351.2% |
| 8 | बेचे लाल | 9611.1% | |
| 9 | उषा निर्दलीय | निर्दलीय | 6580.8% |
| 10 | रण कुमार सुकरौला निर्दलीय | निर्दलीय | 2700.3% |
| 11 | तनवीरुल हसन जैदी ICJ | ICJ | 2490.3% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
साफ़ जीत, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को 91% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 3.40 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2012 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2012 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
मल्लावां से कौन जीता, 1974–1996
1980 की तरह इस बार भी यहाँ एक निर्दलीय उम्मीदवार जीता। 1974 से अब तक यहाँ के किसी भी चुनाव में यह सबसे एकतरफ़ा नतीजा था। मतदान प्रतिशत 1980 के 57.9% से घटकर 56.5% रह गया। इसके बाद 1989 के चुनाव में यह सीट INC ने जीती।
- 1974ललन शर्मा (INC), जीत का अंतर 11.3%
- 1977राम आसरे (IND), जीत का अंतर 6.7%
- 1980राम आसरे वर्मा (IND), जीत का अंतर 7.2%
- 1985राम आसरे (IND), जीत का अंतर 13.1%
- 1989धर्मगा (INC), जीत का अंतर 3.2%
- 1991राम आसरे वर्मा (JD), जीत का अंतर 19.2%
- 1993राम आसरे वर्मा (JD), जीत का अंतर 1.7%
- 1996धर्मज्ञ मिश्र (SP), जीत का अंतर 1.6%