पुवायांविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1980
रूप राम (INC(I)) ने 1980 के विधान सभा चुनाव में 43.3% वोट पाकर पुवायां सीट जीती और बद्री प्रसाद (BJP) को 6,135 वोटों से हराया।
1974 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1969 में भी सीट नंबर 61 का नाम पुवायां था, तब सीमाएँ पुरानी थीं। उत्तराखंड के अलग राज्य बनने के बाद, 2002 के चुनाव के लिए सीटों के नंबर बदले गए। 2002 से सीट नंबर 61 सिधौली है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
10.8% के अंतर से साफ़ जीत।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
11 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | रूप राम | 24,55743.3% | |
| 2 | बद्री प्रसाद | 18,42232.5% | |
| 3 | राम सहाय निर्दलीय | निर्दलीय | 4,5248.0% |
| 4 | सूरज प्रसाद JNP(SC) | JNP(SC) | 3,6876.5% |
| 5 | बांके लाल निर्दलीय | निर्दलीय | 1,6572.9% |
| 6 | विष्णु लाल निर्दलीय | निर्दलीय | 1,1842.1% |
| 7 | ऋषि देव निर्दलीय | निर्दलीय | 8191.4% |
| 8 | कन्हैया लाल निर्दलीय | निर्दलीय | 6351.1% |
| 9 | कमलेश चन्द्र निर्दलीय | निर्दलीय | 4740.8% |
| 10 | शंकर लाल निर्दलीय | निर्दलीय | 4260.8% |
| 11 | बाबू राम JNP(SR) | JNP(SR) | 3210.6% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
साफ़ जीत, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को 84% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 3.27 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2012 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2012 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
पुवायां से कौन जीता, 1974–1996
INC(I) ने यह सीट JNP से छीन ली, जिसने इसे 1977 में जीता था; इस सीट के रिकॉर्ड में, जो 1974 से शुरू होता है, यह INC(I) की पहली जीत थी। मतदान प्रतिशत 1977 के 33.9% से बढ़कर 37.5% हो गया। इसके बाद 1985 के चुनाव में यह सीट INC ने जीती।