अहिरोरीविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1974
मन्नी लाल (INC) ने 1974 के विधान सभा चुनाव में 33.5% वोट पाकर अहिरोरी सीट जीती और परमाई लाल (NCO) को 3,426 वोटों से हराया।
1974 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1969 में भी सीट नंबर 85 का नाम अहिरोरी था, तब सीमाएँ पुरानी थीं। उत्तराखंड के अलग राज्य बनने के बाद, 2002 के चुनाव के लिए सीटों के नंबर बदले गए। 2002 से सीट नंबर 85 लखनऊ पूर्व है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
7.3% के अंतर से साफ़ जीत।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
11 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | मन्नी लाल कांग्रेस (आर) | कांग्रेस (आर) | 15,69833.5% |
| 2 | परमाई लाल | 12,27226.2% | |
| 3 | राम सेवक महागठबंधन | महागठबंधन | 12,00625.6% |
| 4 | नील कांत निर्दलीय | निर्दलीय | 1,7843.8% |
| 5 | दुलन निर्दलीय | निर्दलीय | 1,6463.5% |
| 6 | कालिका प्रसाद निर्दलीय | निर्दलीय | 1,2052.6% |
| 7 | बच्चू लाल निर्दलीय | निर्दलीय | 7051.5% |
| 8 | शिव दीन निर्दलीय | निर्दलीय | 6081.3% |
| 9 | उदय प्रताप | 4721.0% | |
| 10 | मुनेन्द्र निर्दलीय | निर्दलीय | 2990.6% |
| 11 | बाबूराव राम निर्दलीय | निर्दलीय | 1530.3% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
साफ़ जीत, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को 85% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 3.99 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2012 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2012 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
अहिरोरी से कौन जीता, 1974–1996
इसके बाद 1977 के चुनाव में भी INC ने यह सीट अपने पास रखी।