बेलोनियाविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1993
अमल मल्लिक (INC) ने 1993 के विधान सभा चुनाव में 62.3% वोट पाकर बेलोनिया सीट जीती और सुनील बरन दास गुप्ता (CPI) को 6,555 वोटों से हराया।
1977 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1972 में सीट नंबर 36 बीरगंज थी। 2008 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 2013 से सीट नंबर 36 शांतिरबाज़ार है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
सुरक्षित अंतर से जीत — अमल मल्लिक 27.3% से जीते।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
8 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | अमल मल्लिक | 14,98562.3% | |
| 2 | सुनील बरन दास गुप्ता वाम मोर्चा | वाम मोर्चा | 8,43035.0% |
| 3 | केशव च. सरकार | 2321.0% | |
| 4 | अमुल्य भौमिक निर्दलीय | निर्दलीय | 1100.5% |
| 5 | मदन दैद्य AMB | AMB | 980.4% |
| 6 | पुलिन बिहारी चौधुरी निर्दलीय | निर्दलीय | 920.4% |
| 7 | पबित्र राय निर्दलीय | निर्दलीय | 640.3% |
| 8 | शीतल दत्ता निर्दलीय | निर्दलीय | 420.2% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
सुरक्षित अंतर, असल में दो दलों का मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
INC और CPI को 97% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 1.96 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2013 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2013 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
बेलोनिया से कौन जीता, 1977–2008
INC ने 1988 में जीती यह सीट फिर से अपने पास रखी। उसे मिले वोटों का प्रतिशत 52.0% से बढ़कर 62.3% हो गया। 1977 से अब तक यहाँ के किसी भी चुनाव में यह सबसे एकतरफ़ा नतीजा था। मतदान प्रतिशत 1988 के 87.7% से घटकर 86.1% रह गया। इसके बाद 1998 के चुनाव में यह सीट CPM ने जीती।