सुमेरपुरविधान सभा चुनाव का परिणाम, 2003
मदन राठौर (BJP) ने 2003 के विधान सभा चुनाव में 34.1% वोट पाकर सुमेरपुर सीट जीती और बीना काक (INC) को 2,663 वोटों से हराया।
1977 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1972 में सीट नंबर 165 चौहटन थी। 2003 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 2008 से सीट नंबर 165 बागीदोरा है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
नज़दीकी मुक़ाबला। मदन राठौर 2.9% के अंतर से जीते।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
12 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | मदन राठौर NDA | NDA | 31,36234.1% |
| 2 | बीना काक | 28,69931.3% | |
| 3 | मीठा लाल जैन | 11,62112.7% | |
| 4 | प्रियव्रत निर्दलीय | निर्दलीय | 9,71410.6% |
| 5 | लादू राम | 2,9363.2% | |
| 6 | भारत लाल | 1,9902.2% | |
| 7 | हीरा लाल निर्दलीय | निर्दलीय | 1,6951.9% |
| 8 | देवा राम निर्दलीय | निर्दलीय | 1,0891.2% |
| 9 | सुखा राम मेघवाल निर्दलीय | निर्दलीय | 9551.0% |
| 10 | मोती लाल गेहलोत निर्दलीय | निर्दलीय | 6660.7% |
| 11 | सोहन लाल | 6180.7% | |
| 12 | शंकर लाल नरबान निर्दलीय | निर्दलीय | 5010.6% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
नज़दीकी मुक़ाबला, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को 78% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 4.10 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2008 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2008 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
सुमेरपुर से कौन जीता, 1977–2003
BJP ने यह सीट INC से छीन ली, जिसने इसे 1998 में जीता था; BJP ने यहाँ पिछली बार 1990 में जीत दर्ज की थी। मतदान प्रतिशत 1998 के 56.4% से बढ़कर 58.3% हो गया।