बांदीकुईविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1990
राम किशोर सैनी (BJP) ने 1990 के विधान सभा चुनाव में 35.0% वोट पाकर बांदीकुई सीट जीती और भैरु सिंह गुर्जर (INC) को 4,629 वोटों से हराया।
1977 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1972 में सीट नंबर 51 बानसूर थी। 2003 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 2008 से सीट नंबर 51 सिविल लाइंस है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
6.0% के अंतर से साफ़ जीत।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
28 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | राम किशोर सैनी | 27,11935.0% | |
| 2 | भैरु सिंह गुर्जर | 22,49029.0% | |
| 3 | भगवान मीना निर्दलीय | निर्दलीय | 14,38718.6% |
| 4 | राम करण शर्मा निर्दलीय | निर्दलीय | 5,0826.5% |
| 5 | हर सहाय बैरवा | 2,5843.3% | |
| 6 | मोती लाल मल राष्ट्रीय मोर्चा | राष्ट्रीय मोर्चा | 1,9032.5% |
| 7 | परभाती लाल मिमरोथ वाम दल | वाम दल | 6380.8% |
| 8 | राम स्वरूप बोयत निर्दलीय | निर्दलीय | 6360.8% |
| 9 | विजय लक्ष्मी निर्दलीय | निर्दलीय | 5760.7% |
| 10 | आचार्य राम नारायण सरसर निर्दलीय | निर्दलीय | 3770.5% |
| 11 | राधे श्याम निर्दलीय | निर्दलीय | 2720.3% |
| 12 | कैलाश चौधरी निर्दलीय | निर्दलीय | 2190.3% |
| 13 | गोविंदा निर्दलीय | निर्दलीय | 2120.3% |
| 14 | बृज मोहन बोयत निर्दलीय | निर्दलीय | 1580.2% |
| 15 | सुरेश चन्द्र शर्मा | 1450.2% | |
| 16 | बाबू सिंह चौधरी निर्दलीय | निर्दलीय | 1190.1% |
| 17 | अमर सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 790.1% |
| 18 | प्रकाश नारायण भारद्वाज LKD(B) | LKD(B) | 790.1% |
| 19 | शिंभू दयाल | 650.1% | |
| 20 | महेन्द्र कुमार वशिष्ठ निर्दलीय | निर्दलीय | 610.1% |
| 21 | छगन लाल निर्दलीय | निर्दलीय | 580.1% |
| 22 | शिव राम मोना निर्दलीय | निर्दलीय | 570.1% |
| 23 | सुधीर शर्मा निर्दलीय | निर्दलीय | 510.1% |
| 24 | संतोष कुमार शर्मा निर्दलीय | निर्दलीय | 510.1% |
| 25 | मदन लाल निर्दलीय | निर्दलीय | 420.1% |
| 26 | राधा मोहन निर्दलीय | निर्दलीय | 330.0% |
| 27 | वीरेन्द्र सिंह चौहान निर्दलीय | निर्दलीय | 310.0% |
| 28 | कमलेश कुमार शर्मा निर्दलीय | निर्दलीय | 160.0% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
साफ़ जीत, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को 83% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 4.05 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2008 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2008 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
बांदीकुई से कौन जीता, 1977–2003
BJP ने यह सीट INC से छीन ली, जिसने इसे 1985 में जीता था; BJP ने यहाँ पिछली बार 1980 में जीत दर्ज की थी। मतदान प्रतिशत 1985 के 55.7% से बढ़कर 58.9% हो गया। इसके बाद 1993 के चुनाव में यह सीट INC ने जीती।