किशनगढ़विधान सभा चुनाव का परिणाम, 1985
जगजीत सिंह (BJP) ने 1985 के विधान सभा चुनाव में 50.7% वोट पाकर किशनगढ़ सीट जीती और किस्तुर चन्द चौधरी (INC) को 6,757 वोटों से हराया।
1977 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1972 में सीट नंबर 94 हिंडोली थी। 2003 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 2008 से सीट नंबर 94 मालपुरा है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
10.6% के अंतर से साफ़ जीत।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
13 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | जगजीत सिंह | 32,33250.7% | |
| 2 | किस्तुर चन्द चौधरी | 25,57540.1% | |
| 3 | किशन लाल निर्दलीय | निर्दलीय | 1,1161.8% |
| 4 | कृष्ण कान्त वर्मा वाम दल | वाम दल | 1,1131.8% |
| 5 | कल्याण मल निर्दलीय | निर्दलीय | 1,0981.7% |
| 6 | राम सिंह गौड़ निर्दलीय | निर्दलीय | 8281.3% |
| 7 | मुरलीधर लोकवाणी निर्दलीय | निर्दलीय | 4620.7% |
| 8 | मुन्ना मारवाड़ी किसन निर्दलीय | निर्दलीय | 3370.5% |
| 9 | कैलाश चन्द मालाकार निर्दलीय | निर्दलीय | 3020.5% |
| 10 | गोपाल प्रसाद निर्दलीय | निर्दलीय | 1900.3% |
| 11 | शेर खान निर्दलीय | निर्दलीय | 1780.3% |
| 12 | शिव दत्त जड़िया निर्दलीय | निर्दलीय | 1570.3% |
| 13 | चन्द्र भान निर्दलीय | निर्दलीय | 550.1% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
साफ़ जीत, दो से तीन दलों का मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
BJP, INC और एक निर्दलीय को 93% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 2.38 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2008 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2008 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
किशनगढ़ से कौन जीता, 1977–2003
BJP ने यह सीट INC(I) से छीन ली, जिसने इसे 1980 में जीता था; इस सीट के रिकॉर्ड में, जो 1977 से शुरू होता है, यह BJP की पहली जीत थी। मतदान प्रतिशत 1980 के 55.8% से घटकर 54.9% रह गया। इसके बाद 1990 के चुनाव में भी BJP ने यह सीट अपने पास रखी।