रामगढ़विधान सभा चुनाव का परिणाम, 1985
रघुवर दयाल (BJP) ने 1985 के विधान सभा चुनाव में 32.1% वोट पाकर रामगढ़ सीट जीती और बनिया (ICJ) को 1,006 वोटों से हराया।
1977 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1972 में सीट नंबर 62 डीग थी। 2003 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 2008 से सीट नंबर 62 बहरोड़ है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
रामगढ़ का फ़ैसला सिर्फ़ 1.7% के बेहद मामूली अंतर से हुआ — विजेता और दूसरे नंबर पर रहे उम्मीदवार के बीच 1,006 से भी कम वोटों का फ़ासला था।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
11 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | रघुवर दयाल | 18,94932.1% | |
| 2 | बनिया ICJ | ICJ | 17,94330.4% |
| 3 | सोहन लाल अरोड़ा | 14,67524.9% | |
| 4 | लाखू राम वाम दल | वाम दल | 5,5079.3% |
| 5 | चन्द किशोर वाम दल | वाम दल | 6691.1% |
| 6 | शिव लाल निर्दलीय | निर्दलीय | 4810.8% |
| 7 | फत्ती खान निर्दलीय | निर्दलीय | 2960.5% |
| 8 | हर्षवर्धन निर्दलीय | निर्दलीय | 2150.4% |
| 9 | सुच्चा सिंह ICS | ICS | 1390.2% |
| 10 | शिव लाल रावत निर्दलीय | निर्दलीय | 600.1% |
| 11 | हरिओम झिरीवाल निर्दलीय | निर्दलीय | 250.0% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
नज़दीकी मुक़ाबला, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को 87% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 3.75 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2008 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2008 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
रामगढ़ से कौन जीता, 1977–2003
BJP ने यह सीट INC(I) से छीन ली, जिसने इसे 1980 में जीता था; इस सीट के रिकॉर्ड में, जो 1977 से शुरू होता है, यह BJP की पहली जीत थी। मतदान प्रतिशत 1980 के 61.6% से बढ़कर 67.2% हो गया। इसके बाद 1990 के चुनाव में यह सीट INC ने जीती।