तारानगरविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1977
मणि राम (JNP) ने 1977 के विधान सभा चुनाव में 50.0% वोट पाकर तारानगर सीट जीती और चन्दन मल बैद (INC) को 10,498 वोटों से हराया।
1977 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1972 में सीट नंबर 21 सूरजगढ़ थी। 2003 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 2008 से सीट नंबर 21 सरदारशहर है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
सुरक्षित अंतर से जीत — मणि राम 22.4% से जीते।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
7 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | मणि राम जनता | जनता | 23,46050.0% |
| 2 | चन्दन मल बैद | 12,96227.6% | |
| 3 | बहादुर सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 3,6747.8% |
| 4 | हेत राम निर्दलीय | निर्दलीय | 2,8136.0% |
| 5 | प्रभु राम निर्दलीय | निर्दलीय | 1,9334.1% |
| 6 | हीरा लाल वाम दल | वाम दल | 1,6373.5% |
| 7 | विजय सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 4831.0% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
सुरक्षित अंतर, दो से तीन दलों का मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
JNP, INC और एक निर्दलीय को 85% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 2.95 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2008 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2008 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
तारानगर से कौन जीता, 1977–2003
इसके बाद 1980 के चुनाव में यह सीट INC(I) ने जीती।