सुरखीविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1998
भूपेन्द्र सिंह (BJP) ने 1998 के विधान सभा चुनाव में 46.2% वोट पाकर सुरखी सीट जीती और गोविन्द सिंह राजपूत (INC) को 193 वोटों से हराया।
1977 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1972 में सीट नंबर 40 लौंडी थी। 2003 में, छत्तीसगढ़ के अलग राज्य बनने के बाद, जब सीटों के नंबर बदले गए, तब भी इसका नंबर वही रहा। 2003 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 2008 से सीट नंबर 40 नरयावली है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
सुरखी का फ़ैसला सिर्फ़ 0.2% के बेहद मामूली अंतर से हुआ — विजेता और दूसरे नंबर पर रहे उम्मीदवार के बीच 193 से भी कम वोटों का फ़ासला था।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
8 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | भूपेन्द्र सिंह NDA | NDA | 41,27846.2% |
| 2 | गोविन्द सिंह राजपूत | 41,08546.0% | |
| 3 | अब्दुल नसीम खान | 5,1515.8% | |
| 4 | शिव शंकर कटारे AJBP | AJBP | 6730.8% |
| 5 | डॉ. महेश तिवारी | 5500.6% | |
| 6 | मोहन कुशवाहा AD | AD | 3690.4% |
| 7 | जहर सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 1620.2% |
| 8 | भूपेन्द्र सिंह ऋषिकुमार निर्दलीय | निर्दलीय | 860.1% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
नज़दीकी मुक़ाबला, दो से तीन दलों का मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
BJP, INC और BSP को 98% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 2.33 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2008 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2008 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
सुरखी से कौन जीता, 1977–2003
BJP ने 1993 में जीती यह सीट फिर से अपने पास रखी। उसे मिले वोटों का प्रतिशत 48.0% से घटकर 46.2% रह गया। 1977 से अब तक यहाँ के किसी भी चुनाव में यह सबसे कड़ा मुक़ाबला था। मतदान प्रतिशत 1993 के 70.0% से घटकर 68.0% रह गया। इसके बाद 2003 के चुनाव में यह सीट INC ने जीती।
- 1977लक्ष्मीनारायण यादव (JNP), जीत का अंतर 9.2%
- 1980बिट्ठल भाई लल्लूभाई (INC(I)), जीत का अंतर 21.8%
- 1985विठ्ठल भाई पटेल (INC), जीत का अंतर 17.0%
- 1990लक्ष्मी नारायण यादव (JD), जीत का अंतर 18.5%
- 1993भूपेन्द्र सिंह (BJP), जीत का अंतर 7.8%
- 1998भूपेन्द्र सिंह (BJP), जीत का अंतर 0.2%
- 2003गोविन्द सिंह राजपूत (INC), जीत का अंतर 12.8%