खातेगांवविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1998
बृजमोहन बद्रीनारायण (BJP) ने 1998 के विधान सभा चुनाव में 47.3% वोट पाकर खातेगांव सीट जीती और कैलाश कुन्डल पप्पू (INC) को 1,776 वोटों से हराया।
1977 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1972 में सीट नंबर 280 कुक्षी थी। छत्तीसगढ़ के अलग राज्य बनने के बाद, 2003 के चुनाव के लिए सीटों के नंबर बदले गए। 2003 से कोई सीट नंबर 280 नहीं है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
नज़दीकी मुक़ाबला। बृजमोहन बद्रीनारायण 2.3% के अंतर से जीते।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
6 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | बृजमोहन बद्रीनारायण NDA | NDA | 37,13947.3% |
| 2 | कैलाश कुन्डल पप्पू | 35,36345.0% | |
| 3 | द्वारका प्रसाद उइके | 3,1524.0% | |
| 4 | सालिग्राम गुर्जर पटेल | 1,6812.1% | |
| 5 | हरचरण सिंह कालू निर्दलीय | निर्दलीय | 8881.1% |
| 6 | सेफू खान सजात खान निर्दलीय | निर्दलीय | 2890.4% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
दो से तीन दलों का मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
BJP, INC और GGP को 96% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 2.33 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
खातेगांव से कौन जीता, 1977–1998
BJP ने यह सीट INC से छीन ली, जिसने इसे 1993 में जीता था; BJP ने यहाँ पिछली बार 1990 में जीत दर्ज की थी। 1977 से अब तक यहाँ के किसी भी चुनाव में यह सबसे कड़ा मुक़ाबला था। मतदान प्रतिशत 1993 के 64.2% से बढ़कर 66.0% हो गया।