भाटापाराविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1993
राधेश्याम शर्मा (INC) ने 1993 के विधान सभा चुनाव में 39.3% वोट पाकर भाटापारा सीट जीती और शिवरतन शर्मा (BJP) को 1,615 वोटों से हराया।
1977 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1972 में सीट नंबर 132 चित्रकोट थी। छत्तीसगढ़ के अलग राज्य बनने के बाद, 2003 के चुनाव के लिए सीटों के नंबर बदले गए। 2003 से सीट नंबर 132 पिपरिया है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
नज़दीकी मुक़ाबला। राधेश्याम शर्मा 2.1% के अंतर से जीते।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
15 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | राधेश्याम शर्मा | 29,61039.3% | |
| 2 | शिवरतन शर्मा | 27,99537.2% | |
| 3 | कुम्भज राम वर्मा | 7,72710.3% | |
| 4 | कैलाश मिश्रा उर्फ़ गजेन्द्र मिश्रा वाम दल | वाम दल | 4,0715.4% |
| 5 | प्रभात ताम्रकार | 1,8352.4% | |
| 6 | मोहन लाल सेठिया निर्दलीय | निर्दलीय | 1,2881.7% |
| 7 | रूपेन्द्र कुमार धृतियाबारे जनता दल | जनता दल | 7140.9% |
| 8 | दिनेश निर्दलीय | निर्दलीय | 4200.6% |
| 9 | फूल सिंह वर्मा टिकुलिया वाले निर्दलीय | निर्दलीय | 4190.6% |
| 10 | बरन लाल | 3370.5% | |
| 11 | रोहित तिवारी (गुड्डा) निर्दलीय | निर्दलीय | 3170.4% |
| 12 | ललिता बाई चौरसिया निर्दलीय | निर्दलीय | 1930.3% |
| 13 | गिरजाशंकर शर्मा | 1770.2% | |
| 14 | कल्याण सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 1530.2% |
| 15 | बाबूलाल साहू निर्दलीय | निर्दलीय | 610.1% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
नज़दीकी मुक़ाबला, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को 87% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 3.25 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2008 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2008 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
भाटापारा से कौन जीता, 1977–1998
INC ने यहाँ लगातार तीसरी बार जीत दर्ज की; जीत का यह सिलसिला 1985 में शुरू हुआ था। उसे मिले वोटों का प्रतिशत 47.3% से घटकर 39.3% रह गया। 1977 से अब तक यहाँ के किसी भी चुनाव में यह सबसे कड़ा मुक़ाबला था। मतदान प्रतिशत 1990 के 56.4% से बढ़कर 63.1% हो गया। इसके बाद 1998 के चुनाव में यह सीट BJP ने जीती।