डोंगरगांवविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1990
गीता देवी सिंह (INC) ने 1990 के विधान सभा चुनाव में 42.8% वोट पाकर डोंगरगांव सीट जीती और मदन तिवारी (JD) को 2,281 वोटों से हराया।
1977 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1972 में सीट नंबर 171 जबलपुर पश्चिम थी। छत्तीसगढ़ के अलग राज्य बनने के बाद, 2003 के चुनाव के लिए सीटों के नंबर बदले गए। 2003 से सीट नंबर 171 तराना है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
नज़दीकी मुक़ाबला। गीता देवी सिंह 5.0% के अंतर से जीते।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
16 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | गीता देवी सिंह | 19,64942.8% | |
| 2 | मदन तिवारी राष्ट्रीय मोर्चा | राष्ट्रीय मोर्चा | 17,36837.8% |
| 3 | चंद्रनाथ (चमन सोनी) निर्दलीय | निर्दलीय | 3,0336.6% |
| 4 | विद्या भूषण ठाकुर निर्दलीय | निर्दलीय | 2,2735.0% |
| 5 | सुबेदार रामजी लाल निर्दलीय | निर्दलीय | 9352.0% |
| 6 | नन्द किशोर निर्दलीय | निर्दलीय | 6541.4% |
| 7 | सोमनाथ निर्दलीय | निर्दलीय | 4931.1% |
| 8 | परदेशी निर्दलीय | निर्दलीय | 4631.0% |
| 9 | हरिओम | 2640.6% | |
| 10 | नानक सिंह ठाकुर निर्दलीय | निर्दलीय | 2330.5% |
| 11 | गिरिजा शंकर मिश्रा निर्दलीय | निर्दलीय | 1390.3% |
| 12 | विद्या भूषण निर्दलीय | निर्दलीय | 1280.3% |
| 13 | वी. पी. (विष्णु प्रसाद) सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 1060.2% |
| 14 | गरीबा चौधरी निर्दलीय | निर्दलीय | 970.2% |
| 15 | मनसा राम निर्दलीय | निर्दलीय | 660.1% |
| 16 | श्रीकांत ठाकुर निर्दलीय | निर्दलीय | 640.1% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
नज़दीकी मुक़ाबला, दो से तीन दलों का मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
INC, JD और एक निर्दलीय को 87% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 3.00 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2008 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2008 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
डोंगरगांव से कौन जीता, 1977–1998
INC ने 1985 में जीती यह सीट फिर से अपने पास रखी। उसे मिले वोटों का प्रतिशत 68.7% से घटकर 42.8% रह गया। 1977 से अब तक यहाँ के किसी भी चुनाव में यह सबसे कड़ा मुक़ाबला था। मतदान प्रतिशत 1985 के 39.4% से बढ़कर 52.9% हो गया। इसके बाद 1993 के चुनाव में भी INC ने यह सीट अपने पास रखी।