राजनांदगांवविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1980
किशोरीलाल शुक्ला (निर्दलीय) ने 1980 के विधान सभा चुनाव में 54.0% वोट पाकर राजनांदगांव सीट जीती और पाशा वकील (INC(I)) को 10,942 वोटों से हराया।
1977 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1972 में सीट नंबर 172 जबलपुर पूर्व थी। छत्तीसगढ़ के अलग राज्य बनने के बाद, 2003 के चुनाव के लिए सीटों के नंबर बदले गए। 2003 से सीट नंबर 172 महिदपुर है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
सुरक्षित अंतर से जीत — किशोरीलाल शुक्ला 25.4% से जीते।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
7 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | किशोरीलाल शुक्ला निर्दलीय | निर्दलीय | 23,19554.0% |
| 2 | पाशा वकील | 12,25328.5% | |
| 3 | श्याम सुन्दर जैन | 4,94911.5% | |
| 4 | भगवती बाबू JNP(JP) | JNP(JP) | 1,2622.9% |
| 5 | राजेश रामेश्वर नागवंशी JNP(SC) | JNP(SC) | 7351.7% |
| 6 | दाऊ चन्द्र भूषण दास JNP(SR) | JNP(SR) | 3650.8% |
| 7 | नरेश श्रोती निर्दलीय | निर्दलीय | 2350.6% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
सुरक्षित अंतर, दो से तीन दलों का मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
एक निर्दलीय, INC(I) और BJP को 94% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 2.59 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2008 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2008 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
राजनांदगांव से कौन जीता, 1977–1998
एक निर्दलीय उम्मीदवार ने यह सीट JNP से छीन ली, जिसने इसे 1977 में जीता था। मतदान प्रतिशत 1977 के 58.6% से घटकर 56.3% रह गया। इसके बाद 1985 के चुनाव में यह सीट INC ने जीती।