राजनांदगांवविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1977
ठाकुर दरबार सिंह (JNP) ने 1977 के विधान सभा चुनाव में 47.8% वोट पाकर राजनांदगांव सीट जीती और बलबीर खनूजा (INC) को 6,321 वोटों से हराया।
1977 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1972 में सीट नंबर 172 जबलपुर पूर्व थी। छत्तीसगढ़ के अलग राज्य बनने के बाद, 2003 के चुनाव के लिए सीटों के नंबर बदले गए। 2003 से सीट नंबर 172 महिदपुर है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
सुरक्षित अंतर से जीत — ठाकुर दरबार सिंह 15.3% से जीते।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
11 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | ठाकुर दरबार सिंह जनता | जनता | 19,71147.8% |
| 2 | बलबीर खनूजा | 13,39032.5% | |
| 3 | रमेश याज्ञिक वाम दल | वाम दल | 2,7986.8% |
| 4 | हरिश्चंद्र ऋषि निर्दलीय | निर्दलीय | 2,0054.9% |
| 5 | डीपीमारसिंह साहू निर्दलीय | निर्दलीय | 1,6404.0% |
| 6 | धन्नालाल जैन निर्दलीय | निर्दलीय | 4631.1% |
| 7 | शिवकुमार शास्त्री निर्दलीय | निर्दलीय | 4321.1% |
| 8 | जे.पी.एल. फ्रांसिस निर्दलीय | निर्दलीय | 2950.7% |
| 9 | रामप्रसाद अग्रवाल निर्दलीय | निर्दलीय | 2770.7% |
| 10 | केशवसिंह सूर्यवानी निर्दलीय | निर्दलीय | 1060.3% |
| 11 | गोपीराम साहू निर्दलीय | निर्दलीय | 1020.3% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
सुरक्षित अंतर, दो से तीन दलों का मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
JNP, INC और CPI को 87% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 2.91 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2008 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2008 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
राजनांदगांव से कौन जीता, 1977–1998
इसके बाद 1980 के चुनाव में यह सीट एक निर्दलीय उम्मीदवार ने जीती।