शाढ़ौराविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1977
हर लाल (JNP) ने 1977 के विधान सभा चुनाव में 30.6% वोट पाकर शाढ़ौरा सीट जीती और खुशालचंद छोटेलाल (INC) को 257 वोटों से हराया।
1977 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1972 में सीट नंबर 32 निवाड़ी थी। 2003 में, छत्तीसगढ़ के अलग राज्य बनने के बाद, जब सीटों के नंबर बदले गए, तब भी इसका नंबर वही रहा। 2003 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 2008 से सीट नंबर 32 अशोकनगर है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
शाढ़ौरा का फ़ैसला सिर्फ़ 0.9% के बेहद मामूली अंतर से हुआ — विजेता और दूसरे नंबर पर रहे उम्मीदवार के बीच 257 से भी कम वोटों का फ़ासला था।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
16 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | हर लाल जनता | जनता | 8,37630.6% |
| 2 | खुशालचंद छोटेलाल | 8,11929.6% | |
| 3 | राम सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 4,25815.5% |
| 4 | रामा महत्व निर्दलीय | निर्दलीय | 1,8906.9% |
| 5 | ग्यारसी राम नाथू राम विजयवर्गी निर्दलीय | निर्दलीय | 7942.9% |
| 6 | भोगीराम हिरालाल निर्दलीय | निर्दलीय | 5662.1% |
| 7 | गोरेलाल बलदेव निर्दलीय | निर्दलीय | 5552.0% |
| 8 | कलुआ धरूआ निर्दलीय | निर्दलीय | 5341.9% |
| 9 | घासीराम निर्दलीय | निर्दलीय | 5211.9% |
| 10 | भामरलाल निर्दलीय | निर्दलीय | 4851.8% |
| 11 | नन्नूलाल प्रभुलाल निर्दलीय | निर्दलीय | 3931.4% |
| 12 | उधम सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 3161.1% |
| 13 | कमलदान सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 2781.0% |
| 14 | हल्ला गणेश निर्दलीय | निर्दलीय | 1520.6% |
| 15 | लटोरा रामा निर्दलीय | निर्दलीय | 970.3% |
| 16 | प्रेमदास आनंदीदास निर्दलीय | निर्दलीय | 790.3% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
नज़दीकी मुक़ाबला, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को 76% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 4.69 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2008 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2008 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
शाढ़ौरा से कौन जीता, 1977–2003
इसके बाद 1980 के चुनाव में यह सीट INC(I) ने जीती।