गोरेगांवविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1999
नंदकुमार काले (SHS) ने 1999 के विधान सभा चुनाव में 57.0% वोट पाकर गोरेगांव सीट जीती और काशिनाथ मुन्नीराम पासी (RPI) को 35,043 वोटों से हराया।
1978 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1972 में सीट नंबर 42 अंधेरी थी। 2004 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 2009 से सीट नंबर 42 अचलपुर है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
सुरक्षित अंतर से जीत — नंदकुमार काले 35.0% से जीते।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
7 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | नंदकुमार काले शिवसेना-BJP युति (NDA गठबंधन) | शिवसेना-BJP युति (NDA गठबंधन) | 57,01957.0% |
| 2 | काशिनाथ मुन्नीराम पासी | 21,97622.0% | |
| 3 | रमेश गजानन जोशी | 10,86710.9% | |
| 4 | सुरेश कपिले NDA | NDA | 3,6383.6% |
| 5 | चन्द्रेश चौहान | 3,4993.5% | |
| 6 | सुरेश बी. मस्कर निर्दलीय | निर्दलीय | 1,5921.6% |
| 7 | ह्यूमनिस्ट मुकुल देसाई THPI | THPI | 1,4851.5% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
सुरक्षित अंतर, दो से तीन दलों का मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
SHS, RPI और JD(S) को 90% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 2.58 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2009 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2009 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
गोरेगांव से कौन जीता, 1978–2004
SHS ने यहाँ लगातार तीसरी बार जीत दर्ज की; जीत का यह सिलसिला 1990 में शुरू हुआ था। उसे मिले वोटों का प्रतिशत 42.7% से बढ़कर 57.0% हो गया। यह 1978 के बाद यहाँ का सबसे एकतरफ़ा नतीजा था। मतदान प्रतिशत 1995 के 61.0% से घटकर 41.4% रह गया। इसके बाद 2004 के चुनाव में भी SHS ने यह सीट अपने पास रखी।
- 1978सामन्त पद्माकर बालकृष्ण (JNP), जीत का अंतर 48.4%
- 1980सी. एम. शर्मा (INC(I)), जीत का अंतर 2.9%
- 1985गोरे मृणाल केशव (JNP), जीत का अंतर 14.1%
- 1990सुभाष देसाई (SHS), जीत का अंतर 0.5%
- 1995काले नंदकुमार दामोधर (SHS), जीत का अंतर 15.7%
- 1999नंदकुमार काले (SHS), जीत का अंतर 35.0%
- 2004सुभाष देसाई (SHS), जीत का अंतर 6.9%