वरलीविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1999
दत्ताजी नलावडे (SHS) ने 1999 के विधान सभा चुनाव में 44.0% वोट पाकर वरली सीट जीती और विजय भाऊ कुडतरकर (NCP) को 10,930 वोटों से हराया।
1978 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1972 में सीट नंबर 30 बायखला थी। 2004 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 2009 से सीट नंबर 30 अकोला पश्चिम है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
सुरक्षित अंतर से जीत — दत्ताजी नलावडे 17.8% से जीते।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
7 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | दत्ताजी नलावडे शिवसेना-BJP युति (NDA गठबंधन) | शिवसेना-BJP युति (NDA गठबंधन) | 26,99344.0% |
| 2 | विजय भाऊ कुडतरकर | 16,06326.1% | |
| 3 | डॉ. विजया पाटिल | 15,30824.9% | |
| 4 | अमरबहादुर सीताराम पासी NDA | NDA | 1,5802.6% |
| 5 | टी.सी. चव्हाण ABHS | ABHS | 7361.2% |
| 6 | चौगुले पी.एच. निर्दलीय | निर्दलीय | 4940.8% |
| 7 | संभाजी साहेबराव गायकवाड NMP | NMP | 2440.4% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
सुरक्षित अंतर, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को 95% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 3.08 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2009 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2009 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
वरली से कौन जीता, 1978–2004
SHS ने यहाँ लगातार तीसरी बार जीत दर्ज की; जीत का यह सिलसिला 1990 में शुरू हुआ था। उसे मिले वोटों का प्रतिशत 57.3% से घटकर 44.0% रह गया। मतदान प्रतिशत 1995 के 65.5% से घटकर 46.1% रह गया। इसके बाद 2004 के चुनाव में भी SHS ने यह सीट अपने पास रखी।
- 1978कुरणे प्रल्हाद कृष्णा (CPM), जीत का अंतर 34.7%
- 1980दिघे एस. एस. (INC(I)), जीत का अंतर 20.3%
- 1985विनीता दत्ता सामन्त (IND), जीत का अंतर 10.7%
- 1990नलावडे दत्ता शंकर (SHS), जीत का अंतर 12.6%
- 1995दत्ता नलावडे (SHS), जीत का अंतर 24.8%
- 1999दत्ताजी नलावडे (SHS), जीत का अंतर 17.8%
- 2004नलावडे दत्ताजी शंकर (SHS), जीत का अंतर 13.3%