देवलालीविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1990
घोलप बबन शंकर (SHS) ने 1990 के विधान सभा चुनाव में 56.8% वोट पाकर देवलाली सीट जीती और सदाफुले रामदास दयाराम (निर्दलीय) को 32,247 वोटों से हराया।
1978 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1972 में सीट नंबर 68 दाभाडी थी। 2004 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 2009 से सीट नंबर 68 गडचिरोली है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
सुरक्षित अंतर से जीत — घोलप बबन शंकर 34.3% से जीते।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
23 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | घोलप बबन शंकर | 53,40056.8% | |
| 2 | सदाफुले रामदास दयाराम निर्दलीय | निर्दलीय | 21,15322.5% |
| 3 | निकम दादूभाऊ नानाजी निर्दलीय | निर्दलीय | 8,9139.5% |
| 4 | भालेराव चंद्रकांत वामन राष्ट्रीय मोर्चा | राष्ट्रीय मोर्चा | 2,6292.8% |
| 5 | दोंदे शकुंतला भीकचंद निर्दलीय | निर्दलीय | 1,4181.5% |
| 6 | दिवे अशोक नामदेव निर्दलीय | निर्दलीय | 1,2021.3% |
| 7 | टांक चरणसिंह रतनलाल ICS(SCS) | ICS(SCS) | 1,1711.3% |
| 8 | गांगुर्डे शैलेन्द्र दामोदर | 5210.6% | |
| 9 | साल्वे देवधर बारकू निर्दलीय | निर्दलीय | 4030.4% |
| 10 | निर्मले तुकाराम बलवंत निर्दलीय | निर्दलीय | 3460.4% |
| 11 | रिपोर्टे बाबुराव भगाजी निर्दलीय | निर्दलीय | 3410.4% |
| 12 | मेश्राम गुणवंत उर्फ़ गुरु चरण नामदेव निर्दलीय | निर्दलीय | 3290.3% |
| 13 | जगताप मधुकर भास्कर (भागवत) निर्दलीय | निर्दलीय | 3150.3% |
| 14 | बर्वे शशिकांत कोंडीराम | 3130.3% | |
| 15 | घोलप रोहीदास उत्तम | 2880.3% | |
| 16 | अल्लाहट चंद्रकांत बबन निर्दलीय | निर्दलीय | 2410.3% |
| 17 | पगारे गौतम मधुकर निर्दलीय | निर्दलीय | 1940.2% |
| 18 | दोंदे बुधाजी शंकर निर्दलीय | निर्दलीय | 1660.2% |
| 19 | पवार भाऊराव नारायण निर्दलीय | निर्दलीय | 1550.2% |
| 20 | कानडे भागवत लक्ष्मण निर्दलीय | निर्दलीय | 1310.1% |
| 21 | पगारे भगवंत बुधाजी निर्दलीय | निर्दलीय | 1300.1% |
| 22 | काले हमजी गणपत निर्दलीय | निर्दलीय | 1190.1% |
| 23 | नेतावते सुरेश नागुजी निर्दलीय | निर्दलीय | 900.1% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
सुरक्षित अंतर, दो से तीन दलों का मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
SHS, एक निर्दलीय और एक निर्दलीय को 89% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 2.60 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2009 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2009 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
देवलाली से कौन जीता, 1978–2004
SHS ने यह सीट BJP से छीन ली, जिसने इसे 1985 में जीता था; इस सीट के रिकॉर्ड में, जो 1978 से शुरू होता है, यह SHS की पहली जीत थी। मतदान प्रतिशत 1985 के 45.8% से बढ़कर 47.5% हो गया। इसके बाद 1995 के चुनाव में भी SHS ने यह सीट अपने पास रखी।
- 1978अहिरे बाबुराव सोमा (बबला) (IND), जीत का अंतर 37.0%
- 1980अहिरे बाबूलाल सोमा (INC(U)), जीत का अंतर 18.3%
- 1985दोंदे भीकचंद हरिभाऊ (BJP), जीत का अंतर 6.5%
- 1990घोलप बबन शंकर (SHS), जीत का अंतर 34.3%
- 1995घोलप बबन शंकर (SHS), जीत का अंतर 22.4%
- 1999घोलप बबन शंकर (IND), जीत का अंतर 3.0%
- 2004घोलप बबन (नाना) शंकर (SHS), जीत का अंतर 3.2%