कोरटगेरेविधान सभा चुनाव का परिणाम, 2004
चन्निगप्पा (JD(S)) ने 2004 के विधान सभा चुनाव में 35.6% वोट पाकर कोरटगेरे सीट जीती और वीरन्ना (JD(U)) को 2,994 वोटों से हराया।
2004 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 2008 से सीट नंबर 56 देवदुर्ग है।
विजेता
नज़दीकी मुक़ाबला। चन्निगप्पा 2.5% के अंतर से जीते।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
9 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | चन्निगप्पा | 41,82635.6% | |
| 2 | वीरन्ना NDA | NDA | 38,83233.0% |
| 3 | रंगास्वामी एम. UPA | UPA | 25,74521.9% |
| 4 | उमेश आर. एस. | 3,6703.1% | |
| 5 | सुकुमार एन. JP | JP | 2,9802.5% |
| 6 | राजू टी. के. USYP | USYP | 1,4251.2% |
| 7 | प्रकाश आर. निर्दलीय | निर्दलीय | 1,2951.1% |
| 8 | रेणुका परमेश KNDP | KNDP | 1,1030.9% |
| 9 | चिक्कीरप्पा टी. जी. निर्दलीय | निर्दलीय | 6690.6% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
नज़दीकी मुक़ाबला, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को 91% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 3.50 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2008 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2008 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
कोरटगेरे से कौन जीता, 1978–2004
JD(S) ने 1999 में जीती यह सीट फिर से अपने पास रखी। उसे मिले वोटों का प्रतिशत 31.7% से बढ़कर 35.6% हो गया। मतदान प्रतिशत लगभग 1999 जितना ही रहा: 69.9%।