नागमंगलाविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1985
एच. टी. कृष्णप्पा (JNP) ने 1985 के विधान सभा चुनाव में 57.9% वोट पाकर नागमंगला सीट जीती और टी. एम. चन्द्रशेखर (INC) को 22,211 वोटों से हराया।
2004 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 2008 से सीट नंबर 101 होसदुर्ग है।
विजेता
सुरक्षित अंतर से जीत — एच. टी. कृष्णप्पा 34.9% से जीते।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
10 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | एच. टी. कृष्णप्पा जनता | जनता | 36,85657.9% |
| 2 | टी. एम. चन्द्रशेखर | 14,64523.0% | |
| 3 | पी. एन. मुद्देगौडा निर्दलीय | निर्दलीय | 5,1908.2% |
| 4 | धरणेन्द्र बाबू | 3,6635.8% | |
| 5 | बाबूराजेंद्र प्रसाद Lok Dal | Lok Dal | 2,5984.1% |
| 6 | मोहम्मद रफ़ी निर्दलीय | निर्दलीय | 2930.5% |
| 7 | एन. एस. राजू निर्दलीय | निर्दलीय | 1330.2% |
| 8 | एच. रामन्ना निर्दलीय | निर्दलीय | 1240.2% |
| 9 | एन. एम. गंगाधरय्या निर्दलीय | निर्दलीय | 1190.2% |
| 10 | एन. शंकरेगौड़ा निर्दलीय | निर्दलीय | 500.1% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
सुरक्षित अंतर, दो से तीन दलों का मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
JNP, INC और एक निर्दलीय को 89% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 2.50 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2008 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2008 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
नागमंगला से कौन जीता, 1978–2004
JNP ने यह सीट एक निर्दलीय उम्मीदवार से छीन ली, जिसने इसे 1983 में जीता था; इस सीट के रिकॉर्ड में, जो 1978 से शुरू होता है, यह JNP की पहली जीत थी। मतदान प्रतिशत 1983 के 76.1% से घटकर 68.9% रह गया। इसके बाद 1989 के चुनाव में यह सीट एक निर्दलीय उम्मीदवार ने जीती।
- 1978एच.टी. कृष्णप्पा (IND), जीत का अंतर 8.8%
- 1983चिगरीगौड़ा (IND), जीत का अंतर 34.5%
- 1985एच. टी. कृष्णप्पा (JNP), जीत का अंतर 34.9%
- 1989एल. आर. शिवरामे गौउड़ा (IND), जीत का अंतर 36.7%
- 1994एल.आर. शिवरामेगौड़ा (IND), जीत का अंतर 17.2%
- 1999एन. चलुवराय स्वामी उर्फ़ स्वामी गौउड़ा (JD(S)), जीत का अंतर 14.7%
- 2004चलुवराय स्वामी एन. (स्वामीगौडा) (JD(S)), जीत का अंतर 5.5%