राजौंदविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1991
राम कुमार कटवाल (JP) ने 1991 के विधान सभा चुनाव में 37.0% वोट पाकर राजौंद सीट जीती और सतविंदर सिंह (INC) को 2,619 वोटों से हराया।
1977 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1972 में सीट नंबर 47 बल्लबगढ़ थी। 2005 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 2009 से सीट नंबर 47 आदमपुर है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
नज़दीकी मुक़ाबला। राम कुमार कटवाल 4.7% के अंतर से जीते।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
24 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | राम कुमार कटवाल JP | JP | 20,86437.0% |
| 2 | सतविंदर सिंह | 18,24532.4% | |
| 3 | धर्मवीर जनता दल | जनता दल | 9,99917.8% |
| 4 | भारत सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 3,5256.3% |
| 5 | सोम दत्त | 1,7623.1% | |
| 6 | बलवान निर्दलीय | निर्दलीय | 9031.6% |
| 7 | राम भज निर्दलीय | निर्दलीय | 1900.3% |
| 8 | करण सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 1160.2% |
| 9 | धूप सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 850.1% |
| 10 | राम कृष्ण निर्दलीय | निर्दलीय | 710.1% |
| 11 | राम फल सिंह | 580.1% | |
| 12 | पूरन चन्द निर्दलीय | निर्दलीय | 560.1% |
| 13 | राम मेहर निर्दलीय | निर्दलीय | 560.1% |
| 14 | सत नारायण निर्दलीय | निर्दलीय | 530.1% |
| 15 | रण कुमार नरमौंद निर्दलीय | निर्दलीय | 520.1% |
| 16 | दया नन्द निर्दलीय | निर्दलीय | 520.1% |
| 17 | लाल चन्द निर्दलीय | निर्दलीय | 400.1% |
| 18 | राम सरूप निर्दलीय | निर्दलीय | 390.1% |
| 19 | चन्द्र भान निर्दलीय | निर्दलीय | 310.1% |
| 20 | माहि पाल निर्दलीय | निर्दलीय | 310.1% |
| 21 | सत्यवीर निर्दलीय | निर्दलीय | 300.1% |
| 22 | सतबीर सिंह पुत्र राम किशन निर्दलीय | निर्दलीय | 290.1% |
| 23 | दलेल सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 240.0% |
| 24 | राजेन्द्र सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 190.0% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
नज़दीकी मुक़ाबला, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को 87% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 3.59 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2009 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2009 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
राजौंद से कौन जीता, 1977–2005
JP ने यह सीट LKD से छीन ली, जिसने इसे 1987 में जीता था; इस सीट के रिकॉर्ड में, जो 1977 से शुरू होता है, यह JP की पहली जीत थी। 1977 से अब तक यहाँ के किसी भी चुनाव में यह सबसे कड़ा मुक़ाबला था। मतदान प्रतिशत 1987 के 75.1% से घटकर 65.6% रह गया। इसके बाद 1996 के चुनाव में यह सीट AIIC(T) ने जीती।