नीलोखेड़ीविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1972
शिब राम (BJS) ने 1972 के विधान सभा चुनाव में 28.0% वोट पाकर नीलोखेड़ी सीट जीती और चंदा सिंह (INC) को 336 वोटों से हराया।
1972 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1977 से सीट नंबर 13 करनाल है।
विजेता
नीलोखेड़ी का फ़ैसला सिर्फ़ 0.9% के बेहद मामूली अंतर से हुआ — विजेता और दूसरे नंबर पर रहे उम्मीदवार के बीच 336 से भी कम वोटों का फ़ासला था।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
10 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | शिब राम महागठबंधन | महागठबंधन | 10,76428.0% |
| 2 | चंदा सिंह कांग्रेस (आर) | कांग्रेस (आर) | 10,42827.1% |
| 3 | हरभजन सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 6,67717.4% |
| 4 | मनसा राम निर्दलीय | निर्दलीय | 2,8367.4% |
| 5 | हरबंस लाल निर्दलीय | निर्दलीय | 2,3266.0% |
| 6 | ज्ञानी निर्दलीय | निर्दलीय | 1,9685.1% |
| 7 | अनूप गिर निर्दलीय | निर्दलीय | 1,9505.1% |
| 8 | किशना चन्द निर्दलीय | निर्दलीय | 5331.4% |
| 9 | कंवल नैन सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 5241.4% |
| 10 | भरतू निर्दलीय | निर्दलीय | 4821.3% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
नज़दीकी मुक़ाबला, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को 72% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 5.09 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2009 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2009 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
नीलोखेड़ी से कौन जीता, 1967–1972
BJS ने यह सीट एक निर्दलीय उम्मीदवार से छीन ली, जिसने इसे 1968 में जीता था; BJS ने यहाँ पिछली बार 1967 में जीत दर्ज की थी। मतदान प्रतिशत 1968 के 65.7% से बढ़कर 74.8% हो गया।