चकाईविधान सभा चुनाव का परिणाम, 2000
नरेन्द्र सिंह (निर्दलीय) ने 2000 के विधान सभा चुनाव में 53.2% वोट पाकर चकाई सीट जीती और फाल्गुनी प्रसाद यादव (BJP) को 30,471 वोटों से हराया।
1977 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1972 में सीट नंबर 177 जमालपुर थी। झारखंड के अलग राज्य बनने के बाद, 2005 के चुनाव के लिए सीटों के नंबर बदले गए। 2005 से सीट नंबर 177 राजगीर है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
सुरक्षित अंतर से जीत — नरेन्द्र सिंह 27.8% से जीते।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
10 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | नरेन्द्र सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 58,34553.2% |
| 2 | फाल्गुनी प्रसाद यादव NDA | NDA | 27,87425.4% |
| 3 | ओंकार नाथ बरनवाल | 7,3676.7% | |
| 4 | रामेश्वर यादव निर्दलीय | निर्दलीय | 5,5585.1% |
| 5 | हरे कृष्ण कुमार | 3,5033.2% | |
| 6 | सत ना. यादव | 2,9032.6% | |
| 7 | राजेश प्रसाद | 1,8711.7% | |
| 8 | अशोक सिंह | 1,4541.3% | |
| 9 | त्रिभुज सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 5260.5% |
| 10 | परमानन्द पाण्डेय | 3400.3% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
सुरक्षित अंतर, दो से तीन दलों का मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
एक निर्दलीय, BJP और JMM को 85% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 2.81 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2010 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2010 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
चकाई से कौन जीता, 1977–2000
एक निर्दलीय उम्मीदवार ने यह सीट BJP से छीन ली, जिसने इसे 1995 में जीता था। मतदान प्रतिशत 1995 के 54.7% से बढ़कर 59.4% हो गया।