सिसईविधान सभा उपचुनाव का परिणाम, 1991
बी. उराँव (INC) ने 1991 के विधान सभा उपचुनाव में 36.3% वोट पाकर सिसई सीट जीती और डी. उराँव (BJP) को 2,222 वोटों से हराया।
1977 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1972 में सीट नंबर 310 लोहरदगा थी। झारखंड के अलग राज्य बनने के बाद, 2005 के चुनाव के लिए सीटों के नंबर बदले गए। 2005 से कोई सीट नंबर 310 नहीं है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
नज़दीकी मुक़ाबला। बी. उराँव 4.1% के अंतर से जीते।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
11 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | बी. उराँव | 19,71536.3% | |
| 2 | डी. उराँव | 17,49332.2% | |
| 3 | एस. भगत | 12,60723.2% | |
| 4 | ए. उराँव | 3,5706.6% | |
| 5 | पी. उराँव निर्दलीय | निर्दलीय | 2060.4% |
| 6 | बी. उराँव निर्दलीय | निर्दलीय | 1910.4% |
| 7 | एस. उराँव निर्दलीय | निर्दलीय | 1150.2% |
| 8 | एस. मुण्डा निर्दलीय | निर्दलीय | 1080.2% |
| 9 | पी. चीक निर्दलीय | निर्दलीय | 1070.2% |
| 10 | एच. मिंज निर्दलीय | निर्दलीय | 1030.2% |
| 11 | एम. उराँव निर्दलीय | निर्दलीय | 630.1% |
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
नज़दीकी मुक़ाबला, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को 92% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 3.40 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
वोट किस तरह बँटे?
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।