सिल्लीविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1985
केशव महतो कमलेश (INC) ने 1985 के विधान सभा चुनाव में 55.4% वोट पाकर सिल्ली सीट जीती और राजेन्द्र सिंह (CPM) को 11,811 वोटों से हराया।
1977 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1972 में सीट नंबर 304 सिमडेगा थी। झारखंड के अलग राज्य बनने के बाद, 2005 के चुनाव के लिए सीटों के नंबर बदले गए। 2005 से कोई सीट नंबर 304 नहीं है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
सुरक्षित अंतर से जीत — केशव महतो कमलेश 21.7% से जीते।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
10 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | केशव महतो कमलेश | 30,18955.4% | |
| 2 | राजेन्द्र सिंह वाम दल | वाम दल | 18,37833.7% |
| 3 | रंजीत सिंह | 2,1153.9% | |
| 4 | सुरेश महतो | 1,0261.9% | |
| 5 | शम्भू नाथ महतो Lok Dal | Lok Dal | 9901.8% |
| 6 | बंधन कुमार निर्दलीय | निर्दलीय | 4770.9% |
| 7 | काली चरण कोइरी निर्दलीय | निर्दलीय | 4390.8% |
| 8 | राम सुन्दर प्रसाद जनता | जनता | 3870.7% |
| 9 | श्याम सुन्दर महतो निर्दलीय | निर्दलीय | 3230.6% |
| 10 | लक्ष्मी नारायण सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 2010.4% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
सुरक्षित अंतर, दो से तीन दलों का मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
INC, CPM और BJP को 93% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 2.37 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
सिल्ली से कौन जीता, 1977–2000
INC ने यह सीट CPM से छीन ली, जिसने इसे 1980 में जीता था; इस सीट के रिकॉर्ड में, जो 1977 से शुरू होता है, यह INC की पहली जीत थी। मतदान प्रतिशत लगभग 1980 जितना ही रहा: 49.8%। इसके बाद 1990 के चुनाव में यह सीट CPM ने जीती।