जुगसलाईविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1985
त्रिलोचन कालिन्दी (INC) ने 1985 के विधान सभा चुनाव में 57.8% वोट पाकर जुगसलाई सीट जीती और तुलसी रजक (CPI) को 16,788 वोटों से हराया।
1977 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1972 में सीट नंबर 290 मझगांव थी। झारखंड के अलग राज्य बनने के बाद, 2005 के चुनाव के लिए सीटों के नंबर बदले गए। 2005 से कोई सीट नंबर 290 नहीं है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
सुरक्षित अंतर से जीत — त्रिलोचन कालिन्दी 30.2% से जीते।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
10 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | त्रिलोचन कालिन्दी | 32,13257.8% | |
| 2 | तुलसी रजक वाम दल | वाम दल | 15,34427.6% |
| 3 | नागेश्वर बैठा | 5,4419.8% | |
| 4 | गंगा प्रसाद रजक निर्दलीय | निर्दलीय | 5901.1% |
| 5 | प्रेम लाल मुखी | 5721.0% | |
| 6 | भागवत सहिस निर्दलीय | निर्दलीय | 4370.8% |
| 7 | भगवान दास निर्दलीय | निर्दलीय | 4210.8% |
| 8 | जगदीश माझी निर्दलीय | निर्दलीय | 3000.5% |
| 9 | राम प्रसाद राम निर्दलीय | निर्दलीय | 2190.4% |
| 10 | शंकर निर्दलीय | निर्दलीय | 1300.2% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
सुरक्षित अंतर, दो से तीन दलों का मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
INC, CPI और BJP को 95% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 2.38 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
जुगसलाई से कौन जीता, 1977–2000
INC ने यह सीट CPI से छीन ली, जिसने इसे 1980 में जीता था; इस सीट के रिकॉर्ड में, जो 1977 से शुरू होता है, यह INC की पहली जीत थी। मतदान प्रतिशत लगभग 1980 जितना ही रहा: 38.0%। इसके बाद 1990 के चुनाव में यह सीट JMM ने जीती।