निरसाविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1980
कृपा शंकर चटर्जी (निर्दलीय) ने 1980 के विधान सभा चुनाव में 73.8% वोट पाकर निरसा सीट जीती और चन्दन घोष (INC(I)) को 31,514 वोटों से हराया।
1977 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1972 में सीट नंबर 283 घाटशिला थी। झारखंड के अलग राज्य बनने के बाद, 2005 के चुनाव के लिए सीटों के नंबर बदले गए। 2005 से कोई सीट नंबर 283 नहीं है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
सुरक्षित अंतर से जीत — कृपा शंकर चटर्जी 53.8% से जीते।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
9 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | कृपा शंकर चटर्जी निर्दलीय | निर्दलीय | 43,25773.8% |
| 2 | चन्दन घोष | 11,74320.0% | |
| 3 | नरेश चन्द्र नाग | 9271.6% | |
| 4 | राजेन्द्र प्रसाद सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 7091.2% |
| 5 | योगेन्द्र सिंह JNP(JP) | JNP(JP) | 5761.0% |
| 6 | विनोद मांझी निर्दलीय | निर्दलीय | 5681.0% |
| 7 | निरन चन्द्र निर्दलीय | निर्दलीय | 4290.7% |
| 8 | चुरामन महतो निर्दलीय | निर्दलीय | 2350.4% |
| 9 | शिव लाल मांझी निर्दलीय | निर्दलीय | 1920.3% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
सुरक्षित अंतर, असल में दो दलों का मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
एक निर्दलीय और INC(I) को 94% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 1.71 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
निरसा से कौन जीता, 1977–2000
1977 की तरह इस बार भी यहाँ एक निर्दलीय उम्मीदवार जीता। मतदान प्रतिशत लगभग 1977 जितना ही रहा: 44.5%। इसके बाद 1985 के चुनाव में यह सीट INC ने जीती।