जमुईविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1980
हरदेव प्रसाद (निर्दलीय) ने 1980 के विधान सभा चुनाव में 38.2% वोट पाकर जमुई सीट जीती और त्रिपुरारी प्रसाद सिंह (JNP(JP)) को 4,442 वोटों से हराया।
1977 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1972 में सीट नंबर 188 बरियारपुर थी। झारखंड के अलग राज्य बनने के बाद, 2005 के चुनाव के लिए सीटों के नंबर बदले गए। 2005 से सीट नंबर 188 पटना पश्चिम है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
नज़दीकी मुक़ाबला। हरदेव प्रसाद 4.8% के अंतर से जीते।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
7 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | हरदेव प्रसाद निर्दलीय | निर्दलीय | 35,41538.2% |
| 2 | त्रिपुरारी प्रसाद सिंह JNP(JP) | JNP(JP) | 30,97333.4% |
| 3 | पंचानन सिंह | 18,65320.1% | |
| 4 | सुकुमारी देवी वाम दल | वाम दल | 7,2717.8% |
| 5 | जगदीश यादव निर्दलीय | निर्दलीय | 1780.2% |
| 6 | सीताराम मिस्त्री निर्दलीय | निर्दलीय | 1660.2% |
| 7 | जगदीश साव निर्दलीय | निर्दलीय | 1390.1% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
नज़दीकी मुक़ाबला, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को 92% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 3.29 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2010 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2010 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
जमुई से कौन जीता, 1977–2000
एक निर्दलीय उम्मीदवार ने यह सीट JNP से छीन ली, जिसने इसे 1977 में जीता था। मतदान प्रतिशत 1977 के 56.8% से बढ़कर 68.0% हो गया। इसके बाद 1985 के चुनाव में यह सीट INC ने जीती।