कोलेबिराविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1977
बिरसिंग मुण्डा (JKD) ने 1977 के विधान सभा चुनाव में 32.9% वोट पाकर कोलेबिरा सीट जीती और विलियम मुण्डा (लुगुन) (JNP) को 601 वोटों से हराया।
1977 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1972 में सीट नंबर 311 लातेहार थी। झारखंड के अलग राज्य बनने के बाद, 2005 के चुनाव के लिए सीटों के नंबर बदले गए। 2005 से कोई सीट नंबर 311 नहीं है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
कोलेबिरा का फ़ैसला सिर्फ़ 1.8% के बेहद मामूली अंतर से हुआ — विजेता और दूसरे नंबर पर रहे उम्मीदवार के बीच 601 से भी कम वोटों का फ़ासला था।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
6 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | बिरसिंग मुण्डा JKD | JKD | 10,94432.9% |
| 2 | विलियम मुण्डा (लुगुन) जनता | जनता | 10,34331.1% |
| 3 | एस.के. बागे JKP | JKP | 6,14718.5% |
| 4 | लुईसा सोरेंग | 4,43613.3% | |
| 5 | मुनु बड़ाईक निर्दलीय | निर्दलीय | 1,1743.5% |
| 6 | अगस्टिना कुजूर निर्दलीय | निर्दलीय | 2270.7% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
नज़दीकी मुक़ाबला, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को 82% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 3.88 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
कोलेबिरा से कौन जीता, 1977–2000
इसके बाद 1980 के चुनाव में यह सीट INC(I) ने जीती।