बदरपुरविधान सभा चुनाव का परिणाम, 2011
जमाल उद्दीन अहमद (INC) ने 2011 के विधान सभा चुनाव में 39.2% वोट पाकर बदरपुर सीट जीती और हेलाल उद्दीन चौधुरी (AIUDF) को 7,382 वोटों से हराया।
1978 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1972 में सीट नंबर 5 पाथरकांदी थी। 2021 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 2026 से सीट नंबर 5 पर्वतझोड़ा है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
8.1% के अंतर से साफ़ जीत।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
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| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | जमाल उद्दीन अहमद UPA | UPA | 35,86939.2% |
| 2 | हेलाल उद्दीन चौधुरी | 28,48731.1% | |
| 3 | बिस्वरूप भट्टाचार्जी NDA | NDA | 24,57326.8% |
| 4 | हाजी फकर उद्दीन UPA | UPA | 1,1941.3% |
| 5 | मो. मैनुल इस्लाम निर्दलीय | निर्दलीय | 8370.9% |
| 6 | फकर उद्दीन अली अहमद UPA | UPA | 6440.7% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
साफ़ जीत, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को 97% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 3.10 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
उम्मीदवारों ने क्या घोषित किया
उम्मीदवारों ने अपने चुनावी हलफ़नामों में आपराधिक मामले घोषित किए दर्ज मामलों का मतलब सज़ा नहीं है — किसी लंबित मामले से कोई दोषी साबित नहीं होता।
घोषित संपत्ति का मध्य मान ₹0.11 करोड़ आधे उम्मीदवारों की संपत्ति इससे कम है।
यह सीट नंबर 2026 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2026 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
बदरपुर से कौन जीता, 1978–2021
INC ने यह सीट AUDF से छीन ली, जिसने इसे 2006 में जीता था; INC ने यहाँ पिछली बार 1996 में जीत दर्ज की थी। यह 1991 के बाद यहाँ का सबसे एकतरफ़ा नतीजा था। मतदान प्रतिशत 2006 के 65.9% से बढ़कर 70.8% हो गया। इसके बाद 2016 के चुनाव में भी INC ने यह सीट अपने पास रखी।
- 1978रामेन्द्र दे (CPM), जीत का अंतर 1.4%
- 1983गुलाम सुबहानी चौधुरी (INC), जीत का अंतर 16.1%
- 1985रामेन्द्र दे (CPM), जीत का अंतर 10.0%
- 1991अबू छालेह नजमुद्दीन (INC), जीत का अंतर 43.7%
- 1996अबू छालेह नजमुद्दीन (INC), जीत का अंतर 7.1%
- 2001जमाल उद्दीन अहमद (AITC), जीत का अंतर 2.5%
- 2006अनवारुल हक (AUDF), जीत का अंतर 6.6%
- 2011जमाल उद्दीन अहमद (INC), जीत का अंतर 8.1%
- 2016जमाल उद्दीन अहमद (INC), जीत का अंतर 1.9%
- 2021अब्दुल अजीज (AIUDF), जीत का अंतर 18.2%