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असम · विधान सभा सीट नंबर 111

लखीमपुरविधान सभा चुनाव का परिणाम, 2001

उत्पल दत्त (AGP) ने 2001 के विधान सभा चुनाव में 46.6% वोट पाकर लखीमपुर सीट जीती और इन्द्र गोगोई (INC) को 684 वोटों से हराया।

1978 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1972 में सीट नंबर 111 बिहपुरिया थी। 2021 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 2026 से सीट नंबर 111 रोंगखांग है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।

विजेता

उत्पल दत्त
AGP· NDA
AGP 46.6%INC 45.8%5 अन्य 7.6%
मिले वोट
39,936
मतों का 46.6%
जीत का अंतर
684
कुल वोटों का 0.8%
उम्मीदवार
7
मतदान प्रतिशत
74.9%
1,14,374 मतदाताओं में से

लखीमपुर का फ़ैसला सिर्फ़ 0.8% के बेहद मामूली अंतर से हुआ — विजेता और दूसरे नंबर पर रहे उम्मीदवार के बीच 684 से भी कम वोटों का फ़ासला था।

सीट का इतिहास

सभी उम्मीदवार

7 उम्मीदवार
#उम्मीदवारपार्टीमिले वोट · %
1
उत्पल दत्त
NDA
NDA
39,93646.6%
2
इन्द्र गोगोई
39,25245.8%
3
जग्नेश्वर सैकिया
निर्दलीय
निर्दलीय
3,2253.8%
4
पदमा ताइद
2,1112.5%
5
सुनमोनी दास
7420.9%
6
अबुल काशेम भुइयां
UMFA
UMFA
2750.3%
7
उत्तम कलिता
निर्दलीय
निर्दलीय
1680.2%

परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।

नज़दीकी मुक़ाबला, दो से तीन दलों का मुक़ाबला।

सीट का इतिहास लोड हो रहा है…

यह सीट कितनी पक्की है?

इस सीट के आंकड़े
0.8%

जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में

कितने लोगों ने वोट डाला?

इस सीट के आंकड़े
75%

पंजीकृत मतदाताओं में से

कमज़्यादा

मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?

इस सीट के आंकड़े
दो या तीन दल

AGP, INC और एक निर्दलीय को 96% वोट मिले।

मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 2.33

सदन में किसके पास कितनी सीटें?

इस सीट के आंकड़े
126 सीटें · बहुमत का आँकड़ा 64

वोट किस तरह बँटे?

इस सीट के आंकड़े
46.6%AGP की जीत
AGP 46.6%INC 45.8%अन्य 7.6%

यह सीट नंबर 2026 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2026 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।

राज्य के आँकड़े पूछें

RBI 2024-25

ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।

लखीमपुर से कौन जीता, 1978–2021

AGP ने 1996 में जीती यह सीट फिर से अपने पास रखी। उसे मिले वोटों का प्रतिशत 44.7% से बढ़कर 46.6% हो गया। 1978 से अब तक यहाँ के किसी भी चुनाव में यह सबसे कड़ा मुक़ाबला था। मतदान प्रतिशत 1996 के 73.6% से बढ़कर 74.9% हो गया। इसके बाद 2006 के चुनाव में यह सीट INC ने जीती।

  1. 1978सुलो बोरा (CPI), जीत का अंतर 3.9%
  2. 1983लेखन लहान (INC), जीत का अंतर 79.4%
  3. 1985उत्पल दत्त (IND), जीत का अंतर 35.0%
  4. 1991इन्द्र गोगोई (INC), जीत का अंतर 8.0%
  5. 1996उत्पल दत्त (AGP), जीत का अंतर 20.8%
  6. 2001उत्पल दत्त (AGP), जीत का अंतर 0.8%
  7. 2006घन बुरागोहाँई (INC), जीत का अंतर 4.0%
  8. 2011उत्पल दत्त (AGP), जीत का अंतर 1.0%
  9. 2016उत्पल दत्त (AGP), जीत का अंतर 3.1%
  10. 2021मानब डेका (BJP), जीत का अंतर 1.9%